एक आस्था ऐसी भी: 1994 में चार दिन के लिए दुनिया में आई बच्ची को लोगों ने मान लिया बमलेश्वरी का अवतार, उन्हीं की याद में समाधि स्थल पर बना दिया मंदिर, आज भी लोग दूर-दूर से दर्शन को यहां आते हैं
बालोद। छत्तीसगढ़ का डोंगरगढ़ का बमलेश्वरी मंदिर तो विश्व विख्यात है लेकिन बालोद जिले में भी ऐसा ही एक मां बमलेश्वरी का मंदिर है। जिसकी कहानी अजीबोगरीब है। यह मंदिर…
