
बालोद – पंचायत सचिवों ने आज हड़ताल के दौरान अपनी मांगे अनुसनी करने पर सरकार के खिलाफ रोचक अंदाज में प्रदर्शन किया एक कहावत को आज सचिवों ने असल कर दिखाया और कहीं से भैंस लाकर उसके सामने बीन बजाने लगे यह नजारा देखने लायक था बस स्टैंड में धरने पर बैठे सचिवों को ऐसा करते देख आसपास मौजूद अन्य लोग भी खुद को रोक नहीं पाए और यह दृश्य देखने उमड़ पड़े प्रदेश पंचायत सचिव संगठन छग के प्रांतीय आहवान पर पंचायत सचिव आज 17 वे दिन बस स्टैंड बालोद में धरना प्रदर्शन स्थल पर अपने एक सूत्रीय मांग 2 वर्ष तक परिवीक्षा अवधि के समाप्ति पश्चात शासकीय करण को लेकर धरने पर बैठे रहे। पंचायत सचिव विगत 17 दिनों से अलग गतिविधियों के माध्यम से जैसे दिनांक 7.1.2021 को सरकार को सद्बुद्धि देने यज्ञ किया गया। दिनांक 8.1.2021 को धरना प्रदर्शन स्थल पर संगीत मय रामायण पाठ किया गया। 9.1.2021 को धरना प्रदर्शन स्थल एवं बस स्टैंड बालोद में सरकार को भीख देने भीख मांग कर सरकार के कोष में जमा किया गया। लेकिन अभी तक छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा पंचायत सचिव के मांग के संबंध में किसी भी प्रकार का विचार नहीं किया जा रहा है। इससे क्षुब्ध होकर पंचायत सचिव ने 11.1.2021 को सरकार को जगाने भैंस के सामने बीन बजा कर सरकार के विरुद्ध प्रदर्शन किया।
आगे अब ये सब होगा

मांग पूर्ण नहीं करने कि स्थिति में पंचायत सचिव एवं रोजगार सहायक 12.1.2021 से दिनांक 20.1.2021 तक क्रमिक भूख हड़ताल पर रहेंगे। पंचायत सचिव के अनिश्चित कालीन हड़ताल में जाने से शासन कि महत्वपूर्ण कार्य नरूवा गरूवा घुरूवा बाड़ी योजना, शासन की ड्रीम योजना गोधन न्याय योजना , पेंशन योजना, रोजगार गारंटी योजना आदि बुरी तरह से प्रभावित हो रही हैं। ग्रामीणों को रोजगार गारंटी योजना से रोजगार नहीं मिलने से ग्रामीण मजदूर अब पलायन करने के लिए मजबुर हो रहे हैं। स्वच्छता कार्य, शौचालय निर्माण कार्य एवं गौठान निर्माण कार्य बंद पड़े हैं। इसके बाद भी हड़ताल समाप्त करने को लेकर सरकार की ओर से कोई पहल नजर नहीं आ रही है।
यह काम भी प्रभावित
लोक सेवा गारंटी के अन्तर्गत प्राप्त आवेदन पत्र जैसे ए पी एल राशन कार्ड, बी पी एल राशन कार्ड, पी एम आवास निर्माण, नामांतरण, आबादी भूमि, पारिवारिक सहायता, श्रद्धांजलि योजना एवं जनदर्शन में प्राप्त आवेदन पत्रों का निराकरण नहीं हो पा रहा है। सचिव के हड़ताल में जाने से शासन के सभी विभागों का कार्य प्रभावित हो रहा है।
