बालोद। स्कूल बंद है लेकिन बच्चों को मध्यान्ह भोजन योजना के तहत सूखा राशन वितरण का सिलसिला चल रहा है। लेकिन इस बार सोयाबीन बड़ी की सप्लाई शासन से अब तक नहीं हो पाई है। स्व सहायता समूह जहां-जहां मध्यान्ह भोजन योजना चलाते हैं वह बच्चों को बिना बड़ी के ही सूखा राशन बांट रहे हैं।

इसका खुलासा उस वक्त हुआ जब निरीक्षण के लिए बालोद शिक्षा विभाग से बीईओ बसंत बाघ व मध्यान्ह भोजन योजना के ब्लॉक प्रभारी श्रीमती रजनी शर्मा स्कूलों में जांच के लिए पहुंचे। दरबारी नवागांव स्कूल में जब उक्त दोनों अधिकारी पहुंचे तो वहां सूखा राशन वितरण के दौरान स्व सहायता समूह की महिलाओं ने बताया कि शासन की ओर से अभी बड़ी आई नहीं है। लेकिन राशन वितरण के लिए आदेश आ गया है।समय समाप्त हो जाएगा इसके पहले हम सूखा राशन वितरण कर रहे हैं। बड़ी आ जाती तो साथ में वितरण हो जाता था ।पर बिना बड़ी के वितरण कर रहे हैं। समूह ने विभाग के अफसरों से जल्द बड़ी सप्लाई करवाने की मांग की। इस पर अधिकारियों ने उन्हें आश्वस्त किया कि इस संबंध में उच्च अधिकारियों से जानकारी लिखकर अवगत कराएंगे कि आखिर सप्लाई क्यों नहीं हो रही है।

तो इसी तरह समूह की महिलाओं ने महंगाई का जिक्र करते हुए तेल के दाम बढ़ने की बात भी कही। राशन वितरण के दौरान चावल दाल सोयाबीन बड़ी के अलावा तेल तक को भी पॉलिथीन में भरकर वितरण करना पड़ता है। समूह की समस्याओं को अधिकारियों ने गंभीरता से सुना और उनका यथासंभव निराकरण करवाने की बात कही। तो वहीं ब्लॉक मध्यान्ह भोजन योजना के प्रभारी श्रीमती रजनी शर्मा ने कहा कि राशन वितरण में किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अगर कहीं वितरण में गड़बड़ी की शिकायत आती है तो संबंधित समूह या संस्थान के लोगों पर कार्रवाई भी की जाएगी।
