
बालोद/तार्रीभरदा/ गुरुर- दत्तेल एवं चंदा हाथी का दल धमतरी जिला के बरकसार, तुमाबुजुर्ग से वापस गुरुर ब्लाक में रात्रि 9 बजे गाम पंचायत कर्रेझर पहुंच कर कई किसानों के खलिहान को उत्पाद मचाया हुआ है। तीन दिन से लगातार हाथी का दल गुरुर ब्लाक के वनांचल क्षेत्र मे डेरा डाले हुए हैं। फारेस्ट विभाग के अधिकारी रेंजर एसएस सोरी अपने पूरे स्टाफ के साथ चंदा हाथी एवं दत्तेल हाथी पर नजर रख रहे हैं। हाथी के बारे में उच्च अधिकारियों को अवगत कराया जा रहा है। रेंजर सोरी ने बताया कि हाथी का दल जिन किसानों के खेत खलिहान पर नुकसान पहुंचा रहे हैं उन्हें शासन की ओर से मुआवजा दिया जाएगा। कर्रैझर के लोगों ने रात्रि 11 बजे हाथी के आने के पहले ही खूब पटाके फोड़ कर भगाने का प्रयास किया लेकिन हाथी का दल गांव के बाहर रखे फसल को तबाह कर दिया।
यहां हुआ नुकसान

कर्रैझर निवासी रामेश्वर कुंजाम ने बताया कि डेढ एकड़ की धान को ब्यारा मे मिंजाई के लिए रखा था जिसे हाथियों ने पूरा धान को खा दिया और तितर-बितर कर दिया है। मुझे बहुत ज्यादा नुकसान हुआ है। अशोक कुमार धुव ने बताया कि ढाई एकड़ की धान को खरही बनाकर रख दिया था जिसे हाथियों ने रात्रि 10 बजे फैला दिया है एवं दाना को भी बर्बाद कर दिया है।
केला बाड़ी बर्बाद कर दी
लक्षण कुमार कोवाची का भी एक एकड के धान को कटाई कर भर्री खार से लाकर ब्यारा में रखा था जिसे हाथियों ने बर्बाद कर दिया है। मनराखन कोवाची, विश्राम सिंह का भी एक एक एकड़ की फसल को नुकसान पहुंचा दिया है। गाम पटेल भुवनेश्वर कोवाची ने बताया कि दो केले के झाड को रौंद दिया, साथ ही केला के दो बेल को भी खा कर चले गए। बाड़ी के फसल को रौंद दिया है।
फॉर्म हॉउस में उत्पात
धमतरी के मेहता फार्म हाउस कर्रैझर में सबसे ज्यादा फसल को प्रभावित कर दिया है। मुंशी भागबली कुंजाम ने बताया कि 30 नारियल पेड़ को गिरा दिया, डीप वायर को तोड़ दिया, गन्ना को रौंद दिया है, फेन्सिग तार को तोड़ दिया है जिससे भारी नुकसान पहुंचा है। रात्रि 11 बजे फार्म हाउस में अंदर घुसा तो वह सुबह 4से 5.30 बजे के बीच बाहर निकल कर ओटी कोन्हा कक्ष क्रमांक 17_18 मुस्केरा घाटी के बगल जंगल की ओर गए हैं। सरपंच नरेन्द्र कुमार सिन्हा, उपसरपंच नरोत्तम लाल धुव ने भी किसानो के फसल बर्बाद का भी आंकलन कर पटवारी के पास इनकी जानकारी देने की बात रखी। रेंजर एस एस सोरी, डिप्टीरेंजर यादव राम मंडावी, रुपेश्वर ठाकुर,मोती लाल नागवंशी,वनरक्षक बिसनाथ ठाकुर,जयराम आलेन्द्र, हिमांशु यादव, नारद साहू, कली राम यादव, राजेन्द्र कुमार अवस्थी, मुरली बढाई, प्रेमप्रकाश साहू,, गिरधारी यादव भानू राम रुपराम ठाकुर उमेन्द्र साहू लक्ष्मण यादव अजय सेवता हाथी के दल पर दिन और रात को नजर रखे हुए हैं।
ओनाकोना मन्दिर के पास भी डाल रहे डेरा. राजा राव पठार में भी तोड़फोड़

दो दिन पहले दत्तेल एवं चंदा हाथी का दल राजाराव पठार से रात्रि 10 बजे नेशनल हाइवे 30 पर रोड पार कर राणा बाड़ी होते हुए ओनाकोना, बरकछार, तुमाबुजूर्ग के आगे रुका हुआ था। हाथी का दल इसके पहले राजाराव पठार देव स्थल मे एक घोड़े को गिरा दिया है। साथ ही एक छोटे घोड़े को तोड़ दिया है। रेंजर एसएस सोरी ने बताया कि टोल टैक्स नाका व कर्रैझर जाने के रास्ते को दोनो तरफ आधे घंटे के लिए बंद कर दिया गया था। हाथी का दल राजाराव पठार से निकल कर जंगल रास्ते की ओर रवाना हुए। सोरी ने बताया कि राणा बाड़ी के फेन्सिग तार को तोड़कर ओनाकोना मे मंदिर के पास हाथी का दल दो घंटे पानी में रहे। दत्तेल हाथी सबसे ज्यादा खतरनाक है सभी हाथी को आगे बढ़ाकर सबसे पीछे रहता है।
जब लाइनमैन बाल-बाल बचा
मरकाटोला में पदस्थ लाइनमेन सिन्हा बाल-बाल बचे. सिन्हा ने बताया कि ओनाकोना घाट के नीचे दत्तेल हाथी स्कूल के पास आचानक आ पहुंचे उसी समय घाट के नीचे गाड़ी बंद हो गई. उसी दौरान हाथी मेरे तरफ आने लगा लेकिन मैने रिवस करके वापस घाट में चढ़ गया। तभी हाथी वापस हुए।
