खबर का असर-जिला अस्पताल में 3 मौतों के लिए जिम्मेदार माना गया इस डॉक्टर और नर्स को, सीएमएचओ ने जारी किया नोटिस, ड्यूटी के दौरान गायब रहने वालों से मांगा गया जवाब तो कुछ नर्स हटाए गए



बालोद। कुछ दिन पहले ही जिला अस्पताल में पारागांव की एक महिला बिटान बाई की प्रसव के दौरान मौत हो गई थी तो वहीं उनके गर्भ में दो जुड़वा बच्चे थे। वे भी इस दुनिया में आने से पहले चल बसे। इस मामले में परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाकर जमकर हंगामा किया था, तो वहीं इस अव्यवस्था पर जिला प्रशासन ने भी अस्पताल प्रबंधन पर नकेल कसनी शुरू कर दी है। लोगों की यही मंशा थी कि जो भी लापरवाही बरते हैं उनके खिलाफ ठोस कार्रवाई हो। मामले में तत्काल संज्ञान लेते हुए जिला प्रशासन ने भी जांच करवाई। इस संबंध में हमने भी प्रमुखता से खबर प्रकाशित की।

कलेक्टर ने व्यवस्था में बदलाव लाने व लापरवाही पर कार्रवाई करने की दिशा में काम शुरू कर दिया है। यहां से सिविल सर्जन रात्रे को हटाकर एसएस देवदास निश्चेतना विशेषज्ञ को प्रभार दिया गया। तो वहीं आज ड्यूटी के दौरान गायब रहने वालों को नोटिस जारी हुआ। कुछ नर्स को यहां से हटाकर दूसरी जगह ट्रांसफर किया तो दूसरे अस्पताल के जो नर्स अच्छा काम करते हैं, उन्हें जिला अस्पताल में पदस्थ किया गया है।

इनको हुआ नोटिस जारी

स्त्रीरोग विशेषज्ञ सहित 2 स्टाफ नर्स को चेतावनी पत्र जारी
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी द्वारा जिला चिकित्सालय बालोद के स्त्रीरोग विशेषज्ञ डॉ. तोमेश श्रीमाली को चेतावनी पत्र जारी किया गया है। उन्होंने जारी पत्र में कहा है कि प्रसव पीड़ा के दौरान 02 नवम्बर 2020 को प्रातः 06.46 बजे बिटान बाई देवांगन एवं उनके गर्भ में पल रहे जुड़वा बच्चों की मृत्यु हो गई। जॉच दौरान ज्ञात हुआ है कि उक्त दिवस आप प्रातः ड्यूटीरत थे। जॉच प्रतिवेदन अनुसार उक्त घटना हेतु आपकी गंभीर लापरवाही सामने आयी है, जो कि आपके कर्तव्य के प्रति उदासीनता एवं अनुशासनहीनता को दर्शाता है, यह कृत्य छ.ग.सिविल सेवा आचरण नियम 1965 के नियम 03 के विरूद्ध है।

कार्य में लापरवाही पर स्टॉफ नर्स (संविदा) को कारण बताओ नोटिस जारी, 24 घण्टे के भीतर देना है जवाब
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने जिला चिकित्सालय बालोद के स्टॉफ नर्स (संविदा) कु. मोनिका सोनबोईर को कारण बताओ नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण 24 घंटे के भीतर प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने जारी नोटिस में कहा है कि प्रसव पीड़ा के दौरान 02 नवम्बर 2020 को प्रातः 06.46 बजे बिटान बाई देवांगन एवं उनके गर्भ में पल रहे जुड़वा बच्चों की मृत्यु हो गई। जॉच दौरान ज्ञात हुआ है कि उक्त दिवस आप प्रातः ड्यूटीरत थे। जॉच प्रतिवेदन अनुसार उक्त घटना हेतु आपकी गंभीर लापरवाही सामने आयी है, जो कि आपके कर्तव्य के प्रति उदासीनता एवं अनुशासनहीनता को दर्शाता है, यह कृत्य छ.ग.सिविल सेवा आचरण नियम 1965 के नियम 03 के विपरीत है।

ये नर्स हुए इधर से उधर
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र जं.सांकरा विकासखण्ड बालोद के स्टॉफ नर्स कु. अनिता साहू एवं प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र लाटाबोड़ विकासखण्ड बालोद के स्टॉफ नर्स कु. चांदनी दुबे को तत्काल प्रभाव से जिला चिकित्सालय बालोद में आगामी आदेश तक कार्य संपादन हेतु आदेशित किया है।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने जिला चिकित्सालय बालोद में प्रसव पीड़ा के दौरान हुई मृत्यु में उक्त कार्य दिवस को कार्य में लापरवाही बरते जाने के कारण जिला चिकित्सालय बालोद की स्टॉफ नर्स कु. प्रतिमा कुमेटी को तत्काल प्रभाव से प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र रनचिरई विकासखण्ड गुण्डरदेही में आगामी आदेश तक कार्य संपादन हेतु आदेशित किया है।

You cannot copy content of this page