DAILY BALOD NEWS

EDITOR IN CHIEF – DEEPAK YADAV.9755235270

Advertisement

जिंदगी जरूरी है रफ्तार नही,,,, आपस में भिड़े दो मालवाहक, दोनो चालकों की मौत, घण्टो फसा रहा शव

रिपोर्टसंजय साहू, अंडा। बालोद/गुंडरदेही। 02 जून की रात्रि 10 :30 से 11 बजे के दरमियान दुर्ग दल्लीराजहरा मार्ग के अग्रसेन पॉलिटेक्निक कॉलेज और ग्राम डंगनिया के मध्य दो वाहनो (ट्रक क्रमांक सीजी 07 सीबी 0993 और हाइवा क्र सीजी 07 सीए 1809)के आपस में टकराने से दोनो ड्राइवर की मौके मौत हो गई। पुलिस द्वारा मौके पर पहुंच कर शव को सुरक्षित मर्च्युरी पहुचा कर यातायात व्यवस्ता को दुरुस्त किया गया। घटना के बारे में बताया जाता है कि टक्कर इतनी जोरदार थी कि एक ट्रक का सामने भाग पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। पुलिस ने जेसीबी मशीन की सहायता से ट्रक में फंसे चालक के शव को बाहर निकाला।  मृत ड्राइवर हाइवा का नाम मनराखन दिल्लीवार पिता रामाधार दिल्लीवार उम्र 55 निवासी अछोटी थाना अंडा का निवासी है। मृतक वाहन चालक ट्रक-भानु प्रताप हिरवानी पिता चैन सिंह हिरवानी 45 निवासी जजंगिरी थाना अंडा का निवासी है। ट्रक वर्तमान में ग्रेन्स ट्रांसपोर्टिंग का काम करती है जो पखांजुर से ग्रेन्स खाली करके दुर्ग की ओर जा रही थी।
हाइवा रेत ट्रांसपोर्टिंग का काम करती है। जो दुर्ग से धमतरी की ओर रेत लाने जा रही थी। गुरुवार को थाना गुण्डरदेही में मर्ग कायम कर मर्ग पंचनामा कार्यवाही गई। दुर्घटना के लिए दोषी वाहन के विरुद्ध आई पी सी की धारा 304 ए के तहत मुकदमा दर्ज किया गया। घटना की सूचना पर गुंडरदेही थाना प्रभारी रोहित मालेकर दल बल के साथ रात में पहुंचे थे। घटना स्थल पर  मोर्चा संभाला और मृतक के पास से मिले कागजात और अन्य प्रमाण पत्र और दूसरे ट्रक चालकों से मिले मोबाइल नंबर के आधार परिजनों को घटना की सूचना दी। घटना की सूचना पर मृतक के परिजन मौके पर पहुंचे। थाना प्रभारी  रोहित मालेकर ने बताया कि घटना में शामिल दोनों ट्रकों को जब्त कर लिया गया है तथा लाश को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए गुंडरदेही  अस्पताल भेज दिया गया था। दोनो शव को पोस्टमार्टम करके परिजन को सौपा गया। अपने अपने गृह ग्राम के मुक्तिधाम में अंतिम संस्कार किया गया।
अछोटी निवासी मनराखन दिल्लीवार डिगम्बर दिल्लीवार के पिता एवं उतरा दिल्लीवार के पति थे। जंजगिरी निवासी भानु प्रताप हिरवानी पिता चैन सिंह हिरवानी के पुत्र थे। इस घटना से लोगों को सबक भी लेनी चाहिए कि जिंदगी जरूरी है रफ्तार नही? इसलिए दुर्घटना से देर भली। सड़क पर यातायात के नियमों का पालन करते चलना चाहिए। अगर ये दोनों चालक स्पीड कंट्रोल में रहते तो शायद आज ये जीवित होते।

You cannot copy content of this page