
बालोद– जैन समाज के मूल मंत्र मिशन जीव दया के तहत जैन युवा मंच के युवक इन दिनों शहर की सड़कों पर जीवों की सेवा कर रहे हैं यहां वे बेजुबान जीवों के लिए भोजन की व्यवस्था कर रहे है और स्वयं ही सभी युवक इस कार्य में जुटे हुए हैं।जैन युवा संघ से मुदित जैन ने कहा कि जीवदया जैन धर्म का प्राण है।अहिंसा एवं जीव दया एक दूसरे के पूरक हैं। जीवों की रक्षा के लिए अपने प्राण भी देने पड़ें तो पीछे नहीं हटें इसी बात को लेकर हम सब आगे बढ़ रहे हैं। राकेश चोरड़िया ने कहा कि जीव दया परोपकार का एक ऐसा माध्यम है जिसके द्वारा मनुष्य अपने इस लोक को ही नहीं बल्कि परलोक को भी सुधार सकता है। मनुष्य को प्रभु ने सोच-समझ कर कार्य करने की शक्ति प्रदान की है।
जीवों की कर रहे सेवा

जैन समाज के इन युवकों द्वारा यहां पर दिन रात जीवों की सेवा की जा रही है आपको बता दें कि लॉक डाउन का समय है और यहां पर इन जीवों को किसी तरह की कोई मदद नहीं मिल पा रही है ऐसे समय में उन्हें जीवन से संघर्ष करना पड़ रहा है गाय को ढूंढ ढूंढ कर भोजन खिलाया जा रहा है. एक वाहन में भोजन लिए ये जैन समाज के युवक जीव दया के लिए तत्पर है इस कार्य में मुदित जैन , सुनील रतन बोहरा, राकेश चोरडिया , यश सांखला , पीयूष ढेलड़िया , विकास रतनबोहरा , समकित सांखला , आनंद बाफ़ना , सिद्धू बाफ़ना , कान्हा अग्रवाल , प्रांजल संखला , श्रेयांश भंसाली सहित अन्य युवक इसमें अहम जिम्मेदारी निभा रहे हैं।

