भोपाल में सेन समाज का राष्ट्रीय महाधिवेशन 20 जनवरी कोदेशभर से जुटेंगे समाजजन



छत्तीसगढ़ से बालोद जिले का रहेगा सशक्त प्रतिनिधित्व

बालोद। सेन समाज का राष्ट्रीय स्तर का भव्य अधिवेशन आगामी 20 जनवरी 2026 को भोपाल में आयोजित किया जाएगा। यह ऐतिहासिक अधिवेशन समाज की एकता, संगठनात्मक मजबूती और समग्र उत्थान की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित होगा। राष्ट्रीय अधिवेशन में देश के सभी राज्यों से सेन समाज के प्रतिनिधि, पदाधिकारी एवं समाजसेवी बड़ी संख्या में भाग लेंगे। छत्तीसगढ़ प्रांत की ओर से इस अधिवेशन का नेतृत्व प्रदेश अध्यक्ष श्री पुनीत सेन करेंगे। वहीं बालोद जिले से सेन समाज का प्रतिनिधित्व जिला अध्यक्ष श्री संतोष कौशिक के नेतृत्व में किया जाएगा। बालोद जिले से बड़ी संख्या में समाज के पदाधिकारी एवं सदस्य इस राष्ट्रीय महाधिवेशन में सहभागिता हेतु भोपाल रवाना होंगे। जानकारी के अनुसार प्रदेश अध्यक्ष श्री पुनीत सेन एवं बालोद जिला अध्यक्ष श्री संतोष कौशिक आज अमरकंटक एक्सप्रेस से भोपाल के लिए प्रस्थान करेंगे। इस अवसर पर बालोद जिले के समाजजनों ने दोनों पदाधिकारियों को शुभकामनाएं एवं आशीर्वाद देकर विदाई दी। राष्ट्रीय अधिवेशन के दौरान समाज के उत्थान, युवाओं के मार्गदर्शन, शिक्षा, रोजगार, संगठन विस्तार एवं सामाजिक एकता जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर व्यापक चर्चा की जाएगी तथा कई अहम प्रस्ताव पारित किए जाएंगे। इस महा-संगम का मुख्य उद्देश्य सेन समाज को राष्ट्रीय स्तर पर सशक्त, शिक्षित एवं संगठित स्वरूप प्रदान करना है। उक्त जानकारी उमेश कुमार सेन, मीडिया प्रभारी, बालोद जिला सेन समाज ने दी।

छत्तीसगढ़ के सेन समाज पदाधिकारी राष्ट्रीय सम्मेलन में भाग लेने रवाना

छत्तीसगढ़ के सेन समाज के वरिष्ठ पदाधिकारी और कार्यकर्ता आगामी राष्ट्रीय सम्मेलन में भाग लेने के लिए रवाना हुए। इस अवसर पर छत्तीसगढ़ राज्य से सम्मेलन में शामिल होने वाले प्रमुख पदाधिकारियों की सूची इस प्रकार है।

सम्मेलन में शामिल प्रमुख पदाधिकारी:

श्री नंद कुमार सेन, अध्यक्ष केश शिल्पी कल्याण बोर्ड, छत्तीसगढ़ शासन; श्री पुनित सेन, प्रदेशाध्यक्ष, छत्तीसगढ़ सेन समाज; संतोष कौशिक, जिलाध्यक्ष बालोद; भीखम सेन, जिलाध्यक्ष दुर्ग; संतोष सेन, सैलुन संघ दुर्ग; विजय सेन, उपाध्यक्ष दुर्ग; अनिल सेन, प्रदेश सचिव, युवा प्रकोष्ठ; मनोज ठाकुर, जिलाध्यक्ष रायपुर; शुसील श्रीवास, जिलाध्यक्ष, कर्मचारी प्रकोष्ठ।

उद्देश्य और महत्व:

इस सम्मेलन में सभी पदाधिकारी समाज की संगठनात्मक मजबूती, सामूहिक कार्य और आगामी योजनाओं पर चर्चा करेंगे। सम्मेलन के माध्यम से छत्तीसगढ़ के सेन समाज पदाधिकारी राष्ट्रीय स्तर पर अपनी भागीदारी सुनिश्चित करेंगे और संगठन के विकास के लिए मार्गदर्शन प्राप्त करेंगे।

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