बालोद। बालोद ब्लॉक के ग्राम भोथली में एक 33 साल के युवक कुमेंद्र विश्वकर्मा की सुबह 6 से 7 बजे के बीच जिला कोविड-19 अस्पताल में मौत हो गई। युवक को वात रोग के अलावा कोरोना के भी लक्षण थे। घर पर ही उन्हें बुखार व सांस लेने में तकलीफ थी। लेकिन वह इस बात को नजरअंदाज कर रहा था। देखते देखते तबियत बिगड़ गई थी। इसके बाद परिजनों ने उन्हें एक दिन पहले वात रोग की परेशानी के हिसाब से भर्ती करवाया था। जहां उनमें कोरोना के लक्षण के आभास होने पर डॉक्टरों ने उन्हें फीवर अस्पताल में शिफ्ट करके टेस्ट करवाया। कुछ ही देर में युवक की रिपोर्ट पॉजिटिव आ गई। परिजनों ने उन्हें कल दोपहर 2:30 बजे भर्ती करवाया था। रिपोर्ट आने के बाद उन्हें कोविड-19 अस्पताल में शिफ्ट किया गया। जहां इलाज चल रहा था। लेकिन रात में तबियत और बिगड़ती गई और सुबह होते तक युवक ने दम तोड़ दिया। भोथली सरपंच केशु गन्धर्व ने बताया कि युवक को वात रोग था। कोरोना कैसे हुआ समझ नहीं आया। डॉक्टरों ने रिपोर्ट में पॉजिटिव ही बताया है। गुरुवार को मेडिकल टीम की मौजूदगी में युवक के शव का अंतिम संस्कार किया गया। जिसमें पीपीई किट पहनकर परिवार के ही कुछ लोग शामिल हुए। मृतक की शादी हो गई थी। दो बच्चे हैं। भोथली गांव में पूर्व में कोरोना के केस मिले थे। कोरोना से मौत का यह पहला मामला है। लेकिन सवाल यह भी उठ रहा है कि आखिर घर में रहने के दौरान ही उसे कोरोना कैसे हुआ, वह किसके संपर्क में आया, यह बड़ी जांच का विषय है। परिजनों से पूछताछ कर मरीज की हिस्ट्री भी निकाली जा रही है। ताकि सावधानी बरती जा सके और संदिग्धों की भी जांच कराई जा सके। इस मौत से ग्राम भोथली में भी दहशत का माहौल है।
BIG.NEWS- वात रोग से परेशान था, परिजनों में करवाया बालोद अस्पताल में भर्ती तो जांच में निकला कोरोना पॉजिटिव,24 घंटे के भीतर इलाज के दौरान हो गई भोथली के युवक की मौत
