बालोद। बालोद अर्जुन्दा मार्ग पर स्थित ग्राम कुरदी के पत्थर खदानों में काम करने वाले मजदूरों की रिपोर्ट लगातार कोरोना पॉजिटिव आ रही है। गुरुवार को ग्राम घीना में 8 मजदूर व उनके परिजन कोरोना के शिकार पाए गए। शुक्रवार को फिर 7 मरीज मिलें। एक ही परिवार के दो से तीन तीन लोग कोरोना पॉजिटिव हो गए हैं। इसके अलावा कुरदी सहित अन्य गांवों से भी लगातार कोरोना के मरीज मिल रहे हैं। जो सभी पत्थर खदान में काम करते थे। बासीन रोड पर स्थित खेमचंद साहू के पत्थर खदान को बढ़ते कोरोना वायरस केस के कारण सील कर दिया गया है। वहां कामकाज बंद रखा गया है। वहीं अन्य खदानों के मजदूरों में भी इस बात को लेकर दहशत है कि कहीं कोरोना उन तक फैल ना जाए। बता दें कि सुरक्षा के मापदंडों का पालन करने की शर्तों के आधार पर अलग-अलग प्रतिष्ठान और खदान को चालू तो करवाया गया है लेकिन वहां पर सोशल डिस्टेंसिंग व अन्य नियमों का पालन न करने के चलते इस तरह की परिस्थिति पैदा हो रही है। जिसके चलते अब खदानों के मजदूरों में खतरा बढ़ने लगा है। कुरदी के ये खदान बालोद क्षेत्र का ही नहीं बल्कि पूरे छग का चर्चित पत्थर खदान माना जाता है। जहां पर उच्च क्वालिटी के पत्थर पाए जाते हैं। आसपास के 50 से ज्यादा गांव के लोग इन खदानों में काम करने के लिए आते हैं। कई लोगों की आजीविका इस खदान से चलती है। लेकिन अब इन खदानों में कोरोना की शुरुआत से आजीविका का संकट भी बढ़ने लगा है। अभी एक ही खदान को बंद करवाया गया है बाकी खदानों से केस निकलते हैं तो स्थिति और भयावह हो सकती है ।
कुरदी पत्थर खदान के कई मजदूर निकले कोरोना पॉजिटिव, सुरक्षा के लिहाज से खदान भी सील, मजदूरों में दहशत
