गुण्डरदेही में फर्जी पत्रकारों पर शिकंजा: डराकर अवैध वसूली के दो अलग-अलग मामलों में FIR दर्ज



घर में घुसकर मारपीट और ब्लैकमेलिंग से लेकर ईंट भट्ठा संचालकों से उगाही तक, पुलिस ने शुरू की कड़ी कार्रवाई

गुण्डरदेही। बालोद जिले के थाना गुण्डरदेही क्षेत्र में खुद को पत्रकार बताकर लोगों को डराने-धमकाने और अवैध वसूली करने के दो अलग-अलग मामलों में पुलिस ने FIR दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है। दोनों मामलों के सामने आने के बाद क्षेत्र में फर्जी पत्रकारों की गतिविधियों को लेकर चर्चा तेज हो गई है।


पहला मामला: घर में घुसकर मारपीट और 5 हजार की मांग

ग्राम ओटेबंद निवासी छत्रपाल चंद्राकर ने थाना गुण्डरदेही में शिकायत दर्ज कराई है कि 23 मई 2026 की सुबह करीब 8 बजे एक महिला और एक युवक मोटरसाइकिल से उसके घर पहुंचे। आरोप है कि दोनों खुद को पत्रकार बताते हुए घर और परिसर का वीडियो बनाने लगे तथा ₹5000 की मांग करने लगे।

शिकायत के अनुसार, पैसे देने से इनकार करने पर दोनों ने गाली-गलौज की, जान से मारने की धमकी दी और कॉलर पकड़कर मारपीट की। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि महिला ने गला दबाते हुए कहा कि वह पत्रकार है और वीडियो वायरल करवा देगी।

घटना के दौरान गांव के कुछ लोग मौके पर पहुंचे तो आरोपियों ने उनके साथ भी अभद्रता की। महिला ने अपना नाम सुधा और युवक ने यशराज, निवासी भिलाई बताया। शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।


दूसरा मामला: ईंट भट्ठा संचालकों और ट्रैक्टर चालकों से उगाही

एक अन्य मामले में ग्राम गुरेदा निवासी प्रीतम देवांगन ने थाना पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई कि भारत साहू और चंदन पटेल नामक दो व्यक्ति खुद को पत्रकार बताकर ईंट भट्ठा संचालकों और परिवहन कार्य में लगे लोगों को कार्रवाई का डर दिखाकर पैसे वसूल रहे थे।

शिकायत में बताया गया कि आरोपी खनिज विभाग और SDM से कार्रवाई करवाने तथा अखबार में खबर छापने की धमकी देकर रकम मांगते थे।

ग्रामीणों से कथित वसूली

  • प्रीतम देवांगन से UPI के माध्यम से ₹2000 ट्रांसफर करवाए गए।
  • भुवनेश्वर देवांगन से ₹10,000 नगद।
  • राकेश देशमुख से ₹4,000 नगद।
  • ट्रैक्टर चालकों और मजदूरों को रोककर भी रकम वसूले जाने का आरोप है।

ग्रामीणों ने बताया कि लगातार ब्लैकमेलिंग और धमकियों से परेशान होकर उन्होंने पहले सुशासन तिहार कैंप में शिकायत की थी, जिसके बाद अब पुलिस ने FIR दर्ज की है।


थाना प्रभारी ने संभाली जांच

मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना प्रभारी नवीन बोरकर ने दोनों मामलों की जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि यदि कोई व्यक्ति खुद को पत्रकार या अधिकारी बताकर डराता है या अवैध पैसे मांगता है तो तुरंत पुलिस को सूचना दें।

पुलिस की अपील

पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट कहा है कि पत्रकारिता की आड़ में ब्लैकमेलिंग और अवैध वसूली करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा।

You cannot copy content of this page