किशोरों में आत्मविश्वास, सकारात्मक पालन-पोषण एवं बाल विवाह रोकथाम पर विशेष फोकस
राजनांदगांव। राजनांदगांव जिला प्रशासन, यूनिसेफ तथा सर्वहितम (अलायंस फॉर बिहेवियर चेंज) के संयुक्त तत्वावधान में एवं यूनिसेफ एलायंस सदस्य श्री विनोद टेम्बुकर के नेतृत्व में यूनिसेफ युवोदय राजनांदगांव के स्वयंसेवकों द्वारा जिले के विभिन्न विद्यालयों एवं ग्राम पंचायतों में व्यापक जागरूकता अभियान संचालित किया जा रहा है।
“रूप नहीं, गुण को देखें” अभियान के अंतर्गत बच्चों को घर पर पढ़ाई का एक विशेष कोना बनाने हेतु प्रेरित किया जा रहा है। साथ ही किशोरों में शारीरिक आत्मविश्वास, दिखावे से अधिक रुचि पर ध्यान, सकारात्मक पालन-पोषण, पोषण, साझा जिम्मेदारी तथा बाल विवाह मुक्त अभियान के तहत बाल विवाह रोकथाम संबंधी संदेशों पर आधारित नुक्कड़ नाटक एवं सार्वजनिक संवाद कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है।
यह अभियान विकासखंड राजनांदगांव एवं डोंगरगांव की 30 चयनित ग्राम पंचायतों—पाररीकला, सुंदरा, ठाकुरटोला, सोमनी, मनकी, तोरणकट्टा, ईरा, सांकरा, ठेकवा, फरहद, बैगाटोला, परमालकसा, गठूला, तिलई, खैरझीठी, भेड़ीकला, बघेरा, सलोनी, परसबोर्ड, रेंगाकटेरा, डीलापहारी, रिवागहन, जंगलपुर, अर्जुनी, रुद्गांव, आरी, अमलीडीह, भानपुरी एवं तुमड़ीबोड़—में संचालित किया जा रहा है।
कार्यक्रम में ग्राम सरपंचों, स्कूल शिक्षकों एवं विद्यार्थियों की सक्रिय सहभागिता रही, जिससे आयोजन प्रभावशाली एवं प्रेरणादायक सिद्ध हुआ। 3 फरवरी से प्रारंभ यह अभियान जिला प्रशासन के मार्गदर्शन में निरंतर संचालित किया जा रहा है।
नुक्कड़ नाटक का प्रभावशाली प्रदर्शन हिना साहू, योगिता कुंबले, नंदनी वर्मा, सोनाली, तुलेश्वरी, संगीता, दिव्या, रुचिका, विनीता, नमिता, चांदनी, भानुप्रताप, खिलेंद्र, नारायण, आकाश, लोकेश, दुर्गेश, डोमेंद्र एवं भागीरथी द्वारा किया गया। उनके सशक्त अभिनय ने जागरूकता प्रसार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
यह अभियान किशोरों में आत्मविश्वास विकसित करने के साथ-साथ समाज को बाल विवाह जैसी कुप्रथा के विरुद्ध जागरूक करने की दिशा में एक सार्थक पहल साबित हो रहा है।
