छुट्टी पर आए जवानों को भी बांधी राखी
बालोद। डौंडीलोहारा ब्लॉक के ग्राम बड़गांव के शासकीय हायर सेकेंडरी स्कूल में अध्यनरत छात्राओं की एक राखी सैनिक भाइयों के नाम से अभियान में सहभागिता रही। जिसके तहत स्कूल की सभी बेटियों ने मिलकर सैकड़ो राखियां तैयार की। साथ ही इन राखियों को एक बड़े राखी के रूप में भी सजाया गया और उसमे राखी की शुभकामनाएं भी लिखी गई और बॉडर पर तैनात सैनिक भाइयों के

लिए इसे भेजा गया। रुपया पैसा कुछ ना चाहूं, बोले मेरी राखी है….आप सुरक्षित रहो भैया बस इतना काफी है….इस स्लोगन के साथ छात्राओं ने सीमा पर तैनात जवानों की कलाई पर सजाने के लिए स्नेह स्वरूप राखियां भेजी है। इस पहल की चारों ओर सराहना भी हो रही है। छात्राओं का कहना है कि सीमा पर हमारे सैनिक भाई अपनी जान दांव पर लगाकर हमारी सुरक्षा में तैनात रहते हैं। रक्षाबंधन हो या चाहे कोई भी त्यौहार हो वे कई बार घर आ नहीं आ पाते हैं। कुछ भाइयों की तो बहन भी नहीं होती है, ऐसे में उनकी कलाई भी सुनी रह जाती है। पर इस कमी को पूरी करने के लिए हम छात्राओं ने मिलकर एक राखी सैनिक भाइयों के नाम से अभियान में हिस्सा लियाऔर समय पूर्व ही राखियां तैयार कर उन्हें सीमा पर जवानों के लिए भेजा है। साथ ही स्कूल में विशेष रक्षाबंधन पर्व का आयोजन भी किया गया। जहां पर स्कूल में ही पढ़कर निकलने वाले भूतपूर्व छात्र जो आज देश सेवा करते हुए तैनात है,उनको आमंत्रित कर उन्हें छात्राओं ने राखी बांधी। शाला के भूतपूर्व छात्र रेमन ठाकुर मेरठ में, लव कुमार रांची में, गजेंद्र कुमार लखनऊ में अपनी सेवा दे रहे हैं। अभी छुट्टियों में सभी गृह ग्राम आए हुए थे। जिन्हें आमंत्रित कर विद्यालय के शिक्षकों के साथ छात्राओं ने रक्षाबंधन का पर्व मनाया। इस तरह एक अनूठा माहौल विद्यालय परिसर में भी देखने को मिला। इस आयोजन में शामिल देश के जवानों ने खुद को गौरवान्वित महसूस किया और छात्राओं की प्रशंसा की। छात्राओं ने राखी भेजने के साथ यह संदेश भी दिया है कि यह राखी केवल एक धागा नहीं है। यह हमारी भावनाओं, आभार और सुरक्षा का प्रतीक है। यह राखियां उन हाथों तक पहुंचेगी जो हमारे लिए बंदूक थामे हर मौसम हर परिस्थिति में हमारी रक्षा करते हैं। शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बड़ागांव की ओर से यह स्पेशल राखियां सेना के जवानों के लिए भेजी गई है। इस आयोजन में विद्यालय में सभी शिक्षक,शिक्षिकायें उपस्थित रहे ।
