बालोद/डौंडीलोहारा।विकासखंड डौंडीलोहारा में जवाहर नवोदय विद्यालय प्रवेश परीक्षा 2025-26 हेतु विद्यार्थियों को बेहतर मार्गदर्शन और तैयारी के लिए विकासखंड मुख्यालय पर मॉक टेस्ट का आयोजन किया गया। इस मॉक टेस्ट का उद्देश्य विद्यार्थियों को परीक्षा पैटर्न, समय प्रबंधन और प्रश्नों को हल करने की तकनीक से परिचित कराना है। इस कार्यक्रम में विकासखंड के विभिन्न स्कूलों के 125 विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। मॉक टेस्ट के दौरान विद्यार्थियों को वास्तविक परीक्षा जैसा माहौल प्रदान किया गया, जिससे उनकी तैयारी को और अधिक सशक्त बनाया जा सके। उपस्थित शिक्षकों और प्रशिक्षकों ने बच्चों को परीक्षा से संबंधित महत्वपूर्ण टिप्स दिए और उन्हें प्रेरित किया। इस आयोजन के लिए स्थानीय शिक्षकों, पालकों, और प्रशासन का भरपूर सहयोग प्राप्त हुआ।इस मॉक टेस्ट के सफल आयोजन से विकासखंड शिक्षा अधिकारी हिमांशु मिश्रा ने उत्साहवर्धन करते हुए कार्यक्रम की तारीफ किए। उन्होंने परीक्षा के दौरान निरीक्षण किए। यह स्पष्ट है कि विकासखंड डौंडीलोहारा के विद्यार्थी अब नवोदय प्रवेश परीक्षा के लिए बेहतर ढंग से तैयार हैं और उनका भविष्य उज्ज्वल है।
इस परीक्षा को सफल बनाने के लिए संकुल समनवयक मोहित भौंसार्य, प्राचार्य प्रदीप मेश्राम, अविनाश साहू, केंद्राध्यक्ष तेजस्वी नाथ योगी, सहायक नरेंद्र साहू, कनक कुमार साहू,गिरीश कुमार निर्मोही , धर्मेन्द्र कुमार देशमुख, तोमेश्वर देशमुख, मालती यादव, विद्यावती साहू, राजेश कुमार लारेन्द्र, बलराम बर्सेल,दुर्गा बारेकर, आदि शिक्षक शिक्षिकाओं का सहयोग रहा।
मॉक टेस्ट से होने वाले लाभ:
- परीक्षा पैटर्न की समझ: मॉक टेस्ट के माध्यम से बच्चों को प्रश्नों के प्रकार और परीक्षा के प्रारूप को समझने में सहायता मिली।
- समय प्रबंधन: मॉक टेस्ट ने बच्चों को समयबद्ध तरीके से उत्तर देने की कला सिखाई।
- आत्मविश्वास में वृद्धि: इस अभ्यास ने बच्चों का आत्मविश्वास बढ़ाया और उन्हें अपनी कमियों को पहचानने का मौका दिया।
- सुधार के अवसर: मॉक टेस्ट के परिणामों के आधार पर बच्चों को अपनी तैयारी के कमजोर पक्षों पर काम करने का मौका मिला।
