राजनांदगाव। राष्ट्रीय एकता शिविर भारत सरकार युवा कार्यक्रम और खेल मंत्रालय, राष्ट्रीय सेवा

योजना क्षेत्रीय निदेशालय भुबनेश्वर (ओडिशा) द्वारा राष्ट्रीय एकता शिविर NIC कैंप का आयोजन 16 मार्च से 22 मार्च 2024 तक फकीर मोहन विश्वविद्यालय, बालाशोर (उड़ीशा) में आयोजित किया जा रहा है।

शिविर में देशभर के लगभग 17 राज्यों के रा से यो इकाइयों की भी सहभागिता रही। सात दिवसीय राष्ट्रीय एकता शिविर के दौरान विभिन्न प्रांतो के स्वयंसेवक स्वयंसेविकाओं द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ-साथ विभिन्न प्रकार के संस्कृति का आदान-प्रदान किया गया।
राष्ट्रीय सेवा योजना के राष्ट्रीय एकीकरण शिविर बालेश्वर उड़ीसा में हेमचंद यादव दुर्ग यूनिवर्सिटी छत्तीसगढ़ से 8 स्वयंसेवक सेविकाओं विनोद, हिमांशु, गजेन्द्र, हिमांशु, मनीषा, हर्षा, पुनीता, पल्लवी एवं एक कार्यक्रम अधिकारी डॉ. पुष्पा मिंज ने उड़ीसा में छत्तीसगढ़ राज्य का प्रतिनिधित्व किया। जिसमें राजनांगांव जिले से विनोद कुमार टेम्बुकर और पुनीता साहू ने जिले का प्रतिनिधित्व किया। राष्ट्रीय एकीकरण शिविर 2024 इस वर्ष उड़ीसा के फकीर मोहन यूनिवर्सिटी बालेश्वर में आयोजित हुआ था जहां शिविर के द्वितीय दिन बालेश्वर के रेलवे स्टेशन बाबा से स्टॉप में स्वच्छता अभियान चलाकर उड़ीसा वीडियो में जागरूकता फैलाया गया । छत्तीसगढ़ के राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवक सेविकाओं ने तृतीय दिवस छत्तीसगढ़ की संस्कृति बोली परंपरा सुवा,कर्मा , पंथी नृत्य द्वारा सभी का दिल जीता और हसदेव बचाओ पर्यावरण बचाओ का संदेश रंगोली के माध्यम से देते हुए सभी को जागरूक किया।
साथ ही रंगोली प्रतियोगिता में छत्तीसगढ़ राज्य को प्रथम स्थान प्राप्त करवाया जिससे सभी ने शुभकामनाएं प्रेषित की व एकेडमिक सेशन के दौरान स्वयंसेवक विनोद ने जाती भेदभाव नारी की भूमिका समाज में इस विषय पर अपना विचार रखें। साथ ही अकेडमिक सेसन में उपस्थित अतिथियों द्वारा नशा, जल संरक्षण, सिकल सेल इत्यादि विषयों पर सभी का ध्यान केंद्रित किया । शिविर के पांचवें दिन शोभायात्रा का आयोजन रहा जिसमें छत्तीसगढ़ राज्य के स्वयंसेवक सेविकाओं ने पारंपरिक वेशभूषा में राउत नाचा करते हुए शोभायात्रा में छत्तीसगढ़ की छठ को बिखेर है शिविर के छठे दिन क्षेत्रीय ब्राह्मण के दौरान चांदीपुर इंटीग्रेटेड टेस्ट रेंज इत्र का भ्रमण कराया गया । जहां रॉकेट मिसाइल का परीक्षण किया जाता है वहां सभी स्वयंसेवक सेविकाओं ने कई जानकारियां प्राप्त की साथ ही शिविर के प्रत्येक दिवस विभिन्न राज्यों की संस्कृति परंपराओं से ताल मेल कर शिविर में एक सक्रिय स्वयंसेवकों का संदेश देते हुए अनेकता में एकता का परिचय दिया । शिविर के अंतिम समापन दिवस के अवसर पर सभी स्वयंसेवकों को प्रमाण पत्र व मोमेंटो प्रदान कर बधाइयां प्रेषित की गई सभी स्वयंसेवक 23 मार्च 2024 को अपने घर वापसी हुए।
