बालोद/डौंडीलोहारा/गुण्डरदेही//राज्य के लगभग 101 संगठन के कर्मचारी अपने दो सूत्रीय मांग केंद्रीय कर्मचारियों के समान DA (महंगाई भत्ते) और HRA (मकान किराया भत्ता) की मांग कर रहे हैं। केंद्र के समान DA एवं सातवें वेतनमान पर HRA की मांग के लिए कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन ने अनिश्चितकालीन हड़ताल का आह्वान किया है।
चतुर्थ दिवस के अनिश्चित कालीन आंदोलन की शुरूआत राज्य गीत एवं माँ शारदे की पूजा अर्चना से हुई। उद्बोधन की कड़ी में प्रमोद कुमार बाजपेयी जी ने संगठन की ताकत को बताते हुए कहा कि कलयुग में अगर हमें अपनी बात मनवानी है तो संगठन के बिना यह मुमकिन नहीं है। इसलिए जो साथी अभी तक आंदोलन में नहीं थे वे भी अब जुड़ते जा रहे हैं।
डौंडीलोहारा तहसीलदार दीपिका देवहारी ने कहा कि इतिहास में पहली बार हमें DA और HRA के लिए हड़ताल करना पड़ रहा है, इसमे हमारा संगठन भी आखिरी समय तक आप के साथ कंधे से कंधा मिलाकर इस लड़ाई का हिस्सा रहेगा जब तक की हम अपने लक्ष्य की प्राप्ति न कर ले।
आज हड़ताल मे सहायक शिक्षक फेडरेशन के जिला अध्यक्ष देवेन्द्र हरमुख ने संबोधित करते हुए कहा कि हम हड़ताल के पक्षधर नहीं है पर पिछले ढाई साल के बाद भी महंगाई भत्ता शासन के द्वारा नहीं दिया गया है, गलत परिपाटी का विरोध शासन के गलत नीतियों और अपने अधिकारों की लड़ाई के लिए हमें मजबूरन आंदोलित होना पड़ा है। हम शासन से पूर्ण मंहगाई भत्ता के लिए चरणबद्ध आंदोलन कर आपको जगाने की कोशिस कर रहे है। अतः राज्य के मुखिया जल्द हमारी मांगो को मान ले।

सभा को जिला उपाध्यक्ष एलेन्द्र यादव द्वारा भी सम्बोधित किया गया। उन्होंने कहा कि समय की यही मांग है कि हम अपने अधिकार और हक की लड़ाई में भाग ले। परिणाम भविष्य की गर्त में है परंतु जब भी इतिहास में इस आंदोलन का जिक्र होगा तो हमारा नाम लड़ने वालों में होगा, तमाशा देखने वालों में नहीं। उन्होंने सभी साथियों में उत्साह भरते हुए कहा कि अधिकार की लड़ाई में निमंत्रण नहीं भेजे जाते, जिसका ज़मीर जिंदा होगा वह खुद ही इस आंदोलन रूपी महाकुंभ में शामिल होगा। इनके अलावा लक्ष्मी गंजीर, केआर पिस्दा, बीएस देवांगन, खेमन्त साहू, मधुकांत यादव, डीआर गायकवाड़, जितेंद्र धरमगुड़ी, एनुका सार्वा, वीरेन्द्र गंजीर ने भी सभा को सम्बोधित किया।
इसके पश्चात समस्त हड़ताली कर्मचारी अधिकारी द्वारा नगर के प्रमुख चौक चौराहों से होते हुए न्याय मशाल रैली निकाली गई जिसमें 500 से अधिक शिक्षकों ने सहभगिता दिखाई।

इस अवसर पर नेमसिंह ठाकुर संयोजक, पीएस तारेंद्र सह संयोजक, प्रेम सिंह कोलियारे शिक्षक फेडरेशन, एल.के.ठाकुर विकास खण्ड शिक्षाधिकारी, अनिल कुमार दिल्लीवार अध्यक्ष सहायक शिक्षक फेडरेशन, सुनील कुमार टांडे पटवारी संघ, गायकवाड़ कृषि विभाग, वासुदेव गंधर्व वन विभाग जिला उपाध्यक्ष, श्यामू राम तुमरेकी अध्यक्ष चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी संघ, खेमंत कुमार साहू संयोजक छत्तीसगढ़ सहायक शिक्षक फेडरेशन, एनुका सार्वा, लोकेश्वर निषाद, एनएस मानकर, माया मरकाम, तेजप्रकाश साहू पटवारी सेवक राम ठाकुर, मन्नू राम ठाकुर, लोकराम नायक, चंदन ठाकुर प्राचार्य, हेमलाल ठाकुर प्राचार्य, तारारानी, योगेश साहू पटवारी ,आरिफ सिद्दकी, सुरेश कुमार दिल्लीवार, कमल कांत साहू, तुलसी राम पिस्दा, राजेश उपाध्यक्ष वन विभाग, आरके खिलोरिया, राजूराम चौरे, गोकुल आँधिया, संतोष मण्डावी, दीपक बडतिया, डिलेश्वर डेहरे समस्त अधिकारी कर्मचारी संगठन के पदाधिकारी उपस्थित रहे। मंच संचालन दीपक पटेल द्वारा किया गया।
