बालोद। शुक्रवार को अर्जुंदा में आयोजित जिला स्तरीय शाला प्रवेश उत्सव कार्यक्रम में पहुंचे स्कूल शिक्षा मंत्री डॉक्टर प्रेमसाय सिंह टेकाम ने गुंडरदेही हायर सेकेंडरी स्कूल में ओपन परीक्षा के प्रभारी व्याख्याता को निलंबित करने की घोषणा कर दी। दरअसल में उनके खिलाफ शिकायत प्राप्त हुई थी कि वे बच्चों से निर्धारित फीस के बजाय ज्यादा वसूली करते हैं। किसी ने शिकायत पत्र तैयार कर मंत्री के भाषण काउंटर पर रखा था। जैसे ही मंत्री भाषण लेने के लिए पहुंचे उन्होंने वह पत्र पढ़ा और इस तरह की लापरवाही के लिए नाराजगी जताते हुए तत्काल उनके निलंबन की घोषणा की। तो गुंडरदेही स्कूल के प्राचार्य अजय चौधरी को भी कारण बताओ नोटिस जारी करने की बात कही। आयोजन स्थल पर निलंबन का शिकार हुए व्याख्याता मौजूद नहीं थे। वरना उन्हें और भी कड़ी फटकार लग सकती थी। स्कूल शिक्षा मंत्री के इस फैसले से शिक्षा जगत में हलचल मच गई। शिक्षा मंत्री डॉ टेकाम ने ओपन स्कूल गुंडरदेही के प्रभारी व्यख्याता कोमल सिँह कुल्हारे क़ो निर्धारित शुल्क से अधिक शिक्षण शुल्क लेने की शिकायत मिलने पर तत्काल प्रभाव से निलंबित करने तथा शासकीय उच्चतऱ माध्यमिक विद्यालय गुंडरदेही के प्रचार्य के विरुद्ध कारण बताओ नोटिस जारी करने की घोषणा मंच से की। शासकीय उच्चत्तर माध्यमिक विद्यालय अर्जुदा में आयोजित जिला स्तरीय शाला प्रवेश उत्सव में वे शामिल होने आए थे। जहां शिक्षा मंत्री डॉ टेकाम ने 41 लाख रूपये के 4 कार्यों का लोकार्पण भी किया।
कक्षा पहली, 6वी, 9वी के नव प्रवेशित बच्चों का स्वागत अभिन्दन किया। इस दौरान उन्होंने 20 लाख रूपए के लागत के सभागार, 08 लाख 34 हजार रुपए लागत के पुस्तकालय भवन, 06लाख 83हजार रूपए की लागत के प्रयोगशाला भवन, 06लाख 34हजार रूपए की लागत के कला एवं सांस्कृतिक कक्ष कार्यों का लोकार्पण किया।
बच्चों की प्रस्तुति देखकर 25000 का इनाम
स्कूली छात्राओं की रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम से प्रभावित होकर मंत्री डॉ टेकाम ने शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय अर्जुदा में सांस्कृतिक गतिविधियों के लिए स्वेच्छानुदान निधि से 25 हजार रुपय देने की घोषणा की। इस दौरान संसदीय सचिव व विधायक कुंवर सिंह निषाद, जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष चंद्रप्रभा सुधाकर, नगर पंचायत अर्जुंदा के अध्यक्ष चंद्रहास देवांगन, जिला पंचायत के अध्यक्ष सोना देवी देशलहरा, उपाध्यक्ष मिथिलेश नुरेटी सहित जिला पुलिस प्रशासन, शिक्षा विभाग के अधिकारी, कर्मचारी, शिक्षक गण व कांग्रेस के लोग मौजूद रहे।
