बालोद – कांग्रेस ने टूलकिट के माध्यम से देश की छबि को धूमिल करने का षडयंत्र किया है उससे उनका देश विरोधी चेहरा सबके सामने आ गया है, कांग्रेस की टूलकिट को अक्षरशः पालन करते हुए भूपेश बघेल ने भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह के खिलाफ प्राथमिकी एफ आई आर दर्ज किया गया है जिसके विरोध में प्रदेश नेतृत्व के आह्वान पर भारतीय जनता पार्टी जिला बालोद के निर्देश पर, सभी मंडलों में एवं बुथ स्तर पर भाजपा के पदाधिकारी, ज्येष्ठ श्रेष्ठ कार्यकर्ता अपने अपने निवास के सामने बैनर, पोस्टर, भाजपा के झंडा और तख्ती लेकर दिन शुक्रवार को दोपहर 12 बजे से दोपहर 02 बजे तक धरना प्रदर्शन करेंगे। भाजपा जिला अध्यक्ष केसी पवार ने कहा बुथो में अधिकतम 8 से10 कार्यकर्ता की संख्या में कोविड नियमो का अनिवार्य रूप से पालन करते हुए सोशल डिस्टेंसिंग, मास्क, लगाकर प्रदर्शन करेंगे।
रमन सिंह का कर रहे समर्थन
भाजपा द्वारा 21 मई शुक्रवार को दोपहर 12 से 2 बजे तक अपने अपने घरों के सामने धरना प्रदर्शन का कार्यक्रम आयोजित किया गया है। बालोद ग्रामीण मंडल अध्यक्ष प्रेम साहू, महामंत्री दानेश्वर मिश्रा, बिरेन्द्र साहू ने बताया कांग्रेस टूलकिट के माध्यम देश की छवि को धूमिल करने के षड्यंत्र के खुलासा होने से कांग्रेस का देशविरोधी चेहरा सबके सामने आ गया है। कांग्रेस की टूलकिट को अक्षरशः पालन करते हुए छत्तीसगढ़ कांग्रेस और सीएम भूपेश बघेल ने सत्ता का दुरुपयोग करते हुए लोकतंत्र की हत्या करते हुए भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह सहित भाजपा नेताओं पर एफआईआर दर्ज किया गया है। लेकिन हम सभी भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ता डॉ. रमन सिंह के साथ खड़े हुए है और इसी क्रम में हम कांग्रेस की इस देशविरोधी चेहरे और छत्तीसगढ़ में सत्ता का दुरुपयोग कर भूपेश सरकार द्वारा भाजपा नेताओं पर मनगढ़ंत आरोप लगाकर एफआईआर दर्ज करवाएं जाने के विरोध में प्रदेशवासियों के साथ भारतीय जनता पार्टी और समस्त मोर्चा-प्रकोष्ठों के कार्यकर्ताओं से निवेदन है कि 21 मई शुक्रवार को दोपहर 12 से 2 बजे के बीच सभी अपने अपने घरों के सामने इस दमनकारी सरकार के विरोध में धरना प्रदर्शन करेंगे। साथ ही साथ आपके द्वारा की गई विरोध प्रदर्शन की तस्वीर फेसबुक टि्वटर इंस्टाग्राम तमाम प्लेटफार्म पर जरूर पोस्ट करें। कार्यक्रम जिला स्तर से लेकर, मंडल स्तर मंडल स्तर से लेकर शक्ति केंद्र स्तर शक्ति केंद्र स्तर से लेकर बूथ स्तर तक संपादित होगा । सभी कार्यकर्ता से अपील की गई है कि सभी अपने अपने घरों के सामने निश्चित रूप से धरना प्रदर्शन में शामिल हो और साथ ही इसमें कम-से-से कम 5 सदस्यों हो और अधिकतम 15 रह सकते है।
अब पढ़िये टूलकिट का किस्सा
कोरोना वायरस से देश का बुरा हाल है. हर दिन लाखों नए केस सामने आ रहे हैं और हज़ारों जानें जा रही हैं. इस सबके बीच भारत की दो सबसे बड़ी पार्टियां एक-दूसरे पर आरोप लगा रही हैं. टूलकिट फिर से सुर्ख़ियों में है. आइए जानते हैं कि मामला क्या है? टूलकिट का मतलब एक तरह से दस्तावेज है,,,,
सताधारी पार्टी बीजेपी ने 18 मई को कांग्रेस पार्टी पर आरोप लगाया है कि कांग्रेस ‘टूलकिट’ का इस्तेमाल कर कोरोना वायरस संकट के वक्त फायदा उठाकर पीएम नरेंद्र मोदी की छवि को धूमिल कर रही है. कांग्रेस ने इन आरोपों को फेक बताया है और किसी भी तरह की टूलकिट के इस्तेमाल से इनकार किया है.
है क्या ये टूलकिट?
बीजेपी के कई नेताओं ने इस टूलकिट को लेकर ट्वीट किया है और अब यह सोशल मीडिया पर वायरल है. तथाकथित टूलकिट पहली बार राष्ट्रीय स्वंयसेवक संघ के मुखपत्र ऑर्गेनाइज़र में नज़र आई थी. वायरल टूलकिट के जरिए कथित तौर पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं से सोशल मीडिया पर कोरोना वायरस के ‘इंडियन स्ट्रेन’ को ‘मोदी स्ट्रेन’ और ‘सुपर स्प्रेडर कुम्भ’ जैसे शब्दों और वाक्यों का इस्तेमाल करने को कहा जाता है. बीजेपी प्रवक्ता संबित पात्रा ने ट्विट में कहते हैं कि कांग्रेस का एजेंडा देखिए. और हैश टैग में संबित लिखते हैं कि कांग्रेस की टूलकिट बेनकाब हो गई है.

वायरल टूलकिट में ऊपरी दाएं कोने में कांग्रेस पार्टी का लोगो नज़र आता है. इसमें कथित तौर पर पार्टी कार्यकर्ताओं से लाशों और अंतिम संस्कार की नाटकीय तस्वीरों का इस्तेमाल करने को कहा गया है. तथाकथित टूलकिट में कहा गया है कि लोगों को ‘सुपर स्प्रेडर कुंभ’ याद दिलाते रहना है. यह ज़रूरी है क्योंकि यह बीजेपी की हिंदू राजनीति है जो इतना संकट पैदा कर रही है. यह भी कहा गया है कि कुंभ और ईद के बीच में आने से बचें क्योंकि बीजेपी इसका काउंटर करेगी. ईद की बधाई पर कमेंट न करें.
और क्या है टूलकिट में?
तथाकथित टूलकिट में कहा गया है कि विदेशी पत्रकारों और विदेशी प्रकाशनों में भारतीय लेखकों से संपर्क किया जाए और उन्हें इन मुद्दों पर बातचीत करने को कहा जाए. विदेशी मीडिया जिस तरह की नाटकीय तस्वीरों का इस्तेमाल कर ही है, उनकी रिपोर्टिंग को बढ़ाया जा सकता है. पीएम मोदी के लिए अपमानजक वाक्यों का इस्तेमाल किया जाए. आदि. इत्यादि.
सिर्फ उनकी मदद करो जो कांग्रेस से मदद मांग रहे?
तथाकथित टूलकिट में यह भी कहा गया है कि सिर्फ उन लोगों की मदद कीजिए जो इंडियन यूथ कांग्रेस के ट्विटर पेज को टैग कर रहे हों. टूलकिट में अस्पतालों में बेड और अन्य सुविधाओं की जमाखोरी की बात भी कही गई है. यह भी कहा गया है कि कुछ हॉस्पिटल में कुछ बेड ब्लॉक करके रखें और हमारे अनुरोध पर ही उसे रिलीज़ करें. हर अपील को ट्रैक करें और उनसे सोशल मीडिया पर इंडियन यूथ कांग्रेस और उनके अधिकारियों को टैग कर अपील करने को कहें.
मामले को लेकर बीजेपी प्रवक्ता संबित पात्रा ने राहुल गांधी और कांग्रेस पर निशाना साधा है. ट्वीट कर लिखा-
इसे घृणित कहना बहुत कम होगा. राहुल गांधी महामारी का इस्तेमाल पीएम मोदी की छवि ख़राब करने के लिए करना चाहते हैं. कांग्रेस कार्यकर्ताओं से म्यूटेंट स्ट्रेन को “मोदी स्ट्रेन” कहने का निर्देश दिया गया. विदेशी पत्रकारों की मदद से भारत की बदनामी में कोई कसर नहीं छोड़ी.
मामले को लेकर कांग्रेस क्या कह रही?
कांग्रेस ने बीजेपी द्वारा लगाए जा रहे आरोपों का खंडन किया है. कांग्रेस ने इस बात से इनकार किया है कि उसने अपने पार्टी कार्यकर्ताओं को ऐसा कोई निर्देश दिया था. कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राजीव गौड़ा ने ट्वीट कर कहा कि बीजेपी एक फेक टूलकिट शेयर कर रही है. उन्होंने आगे बताया है कि पार्टी बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा और संबित पात्रा के खिलाफ़ जालसाजी के आरोप में एफआईआर दर्ज करवा रही है.
