झलमला। ग्राम पंचायत झलमला स्थित मानस भवन परिसर में प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय के तत्वावधान में नशा मुक्ति एवं आध्यात्मिक प्रवचन कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र में बढ़ती नशे की प्रवृत्ति के प्रति जनजागरूकता फैलाना तथा लोगों को स्वस्थ, सकारात्मक और आध्यात्मिक जीवन शैली अपनाने के लिए प्रेरित करना रहा।
कार्यक्रम में ब्रह्माकुमारी संस्थान से आए वक्ताओं ने राजयोग ध्यान के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि नशा केवल व्यक्ति के शरीर और मन को ही नहीं, बल्कि परिवार और पूरे समाज को भी प्रभावित करता है। उन्होंने बताया कि सकारात्मक सोच, आत्मचिंतन और आध्यात्मिक जीवनशैली अपनाकर व्यक्ति हर प्रकार के व्यसन से मुक्ति पा सकता है। वक्ताओं ने उपस्थित ग्रामीणों को सदाचार, आत्मसंयम और मानसिक शांति का संदेश देते हुए राजयोग मेडिटेशन को तनावमुक्त एवं व्यसनमुक्त जीवन का प्रभावी माध्यम बताया।
इस अवसर पर बड़ी संख्या में ग्रामीण, महिलाएं, युवा, जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। सभी ने नशे के दुष्प्रभावों पर गंभीरता से चर्चा सुनी और समाज को व्यसनमुक्त बनाने में अपनी सक्रिय भागीदारी निभाने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम के समापन पर सभी उपस्थित लोगों को नशा मुक्ति की सामूहिक शपथ दिलाई गई। साथ ही स्वस्थ, खुशहाल और व्यसनमुक्त समाज के निर्माण के लिए जनजागरण अभियान को निरंतर आगे बढ़ाने का आह्वान किया गया। आयोजकों ने विश्वास व्यक्त किया कि ऐसे कार्यक्रम ग्रामीण समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने और युवाओं को नशे से दूर रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।









