जेल से रिहा हुए आरोपी ने दोस्त के साथ मिलकर की थी परिचित के मकान से 6 लाख से ज्यादा के सोने चांदी के जेवर चोरी, संदेह के आधार पर पुलिस ने एक को पकड़ा और हो गया खुलासा….



बालोद। दल्लीराजहरा पुलिस ने 6 लाख 20000 से ज्यादा के जेवरात चोरी करने वाले दो चोरों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज होने के चंद घंटे के भीतर मामले को सुलझा लिया। पकड़े गए दो आरोपियों में से एक ने तो बाकायदा जिसके घर में चोरी की उससे कुछ दिन पहले मुलाकात कर पूछ भी लिया था कि कब तक घर से बाहर रहोगे। जिनके घर चोरी हुई है वह इलाज के सिलसिले में जुंगेरा गए हुए थे। पुलिस ने जब प्रार्थी से रिपोर्ट दर्ज करवाई और सुराग तलाशने की कोशिश की गई की क्या किसी से कोई बातचीत हुई थी या किसी पर शक है तो बताया गया कि एक व्यक्ति ने उनसे चर्चा करके पूछा था कि कब तक घर नहीं आ पाओगे। पुलिस ने उसी आधार पर ही संदेही को पूछताछ के लिए लाया। जिसने फिर सारा राज उगल दिया और बताया कि एक दोस्त के साथ मिलकर उसने चोरी को अंजाम दिया था। इस तरह सोने चांदी के जेवरात कुल 6,23,600 रूपये की चोरी को पुलिस ने चंद घंटो में सुलझा लिया। घटना में शामिल 2 आरोपियों को गिरफ्तार कर रिमांड पर जेल भेजा गया। घटना में शामिल एक आरोपी तो जेल से रिहा होने के बाद फिर से अब चोरी के मामले में गिरफ्तार हुआ है। मामले का संक्षिप्त विवरण इस प्रकार है कि प्रार्थी महेन्द्र प्रताप मौर्य निवासी दल्लीराजहरा ने रिपोर्ट दर्ज कराया कि उनके लड़का रविन्द्र का नवरात्रि के समय से स्वास्थ्य खराब चल रहा है। जिसका डॉक्टर से ईलाज कराने के बाद भी ठीक नहीं होने पर दिनांक 08.11.2024 को शाम करीबन 07.30 बजे लड़का रविन्द्र मौर्य का ईलाज कराने परिवार सहित बालोद के पास जुंगेंरा के मीरा दतार मजार लेकर गया था । रात्री में घर का लाईट जलाने के लिए मेरे पडोस में रहने वाली सावित्री यादव को बाहर का चाबी देकर गया था । दिनांक 09.11.2024 व 10.11.2024 को दिन में मै अपना घर देखने आया था, मेरा घर सुरक्षित था । दिनांक 12.11.2024 को प्रात करीबन 08.00 बजे प्रार्थी मीरा दतार मजार जुंगेरा में था उसी समय पडोसी सावित्री यादव ने फोन कर बताया घर के सामने का ताला को तोड़ने का प्रयास किया है, दरवाजा खुला नही है बताने पर प्रार्थी जुंगेरा से राजहरा करीबन 11 बजे पहुंच कर देखा तो मेरे घर के सामने का दरवाजा का लॉकर को छेड़छाड किये थे जो खुला नही था, तब प्रार्थी अपने पास में रखे चाबी से दरवाजा को खोलकर अंदर जाकर देखा तो घर के कमरा के ऊपर के ऐसबेष्टस सीट को किसी अज्ञात व्यक्ती द्वारा तोड़ दिया था।

इन जेवरातों की हुई थी चोरी

कमरा में पेटी के अंदर पुरानी इस्तेमाली सोने चांदी के जेवरात को रखने का डिब्बा, पर्स में रखे थे, पेटी का सामान बिखरा हुआ था, सोना चांदी का रखने का डिब्बा एवं पर्स वही पर खाली पडा था , पेटी में रखे सोने का हार करीबन 19 ग्राम कीमती 1,10,000 रूपये, मंगलसुत्र करीबन 12 ग्राम 52000 रूपये, सोने के चैन करीबन 11 ग्राम कीमती 40000 रूपये, बिंदीया करीबन 3 ग्राम कीमती 15000 रूपये, सोना का जेन्टस अंगूठी करीबन 8 ग्राम कीमती 40000 रूपये, मंगलसूत्र लाकेट करीबन 4 ग्राम कीमती 15000 रूपये, सोने का नथ करीबन 2 ग्राम कीमती 13000 रूपये, सोने का लटकन एक जोडी करीबन 6 ग्राम 30000 रूपये, सोने का झुमका एक जोडी करीबन 9 ग्राम कीमती 40000 रूपये, एक झुमका करीबन 5 ग्राम कीमती 20000 रूपये, सोने का डोरला करीबन 1 ग्राम कीमती 7000 रूपये, मंगलसुत्र 1 नग करीबन 10 ग्राम कीमती 50000 रूपये, मंगलसुत्र एक नग करीबन 8 ग्राम कीमती 40000 रूपये , एक सोने का कंगन जोडी करीबन 20 ग्राम 1,20,000 रूपये, चांदी का पायल एक जोडी करीबन 267 ग्राम कीमती 16000 रूपये, एक जोडी चांदी का पायल करीबन 19 ग्राम 7000 रूपये, पायल एक जोडी करीबन 31 ग्राम 1500 रूपये, चांदी का ब्रेसलेट 1 नग करीबन 51 ग्राम 3000 रूपये , बिछिया एक जोडी करीबन 10 ग्राम कीमती 700 रूपये, अंगूठी 1 नग करीबन 7 ग्राम 400 रूपये तथा नगदी रकम 3000 रूपये जुमला 6,23,600 रूपये का सामान नही था कोई अज्ञात व्यक्ति द्वारा रात्री में घर के कमरा के शीट को तोडकर अंदर प्रवेश कर मेरे घर में रखे सामान को चोरी कर ले गया था। प्रार्थी महेन्द्र प्रताप मौर्य की रिपोर्ट पर अपराध पंजीबध्द कर विवेचना में लिया गया।

आरोपियों की पतासाजी के लिए टीम का हुआ था गठन

घटना की जानकारी वरिष्ठ अधिकारियों को दी गई मामले की गंभीरता को देखते हुए एस0आर0 भगत पुलिस अधीक्षक जिला बालोद के निर्देशन में अशोक कुमार जोशी अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक जिला बालोद एवं डा0 चित्रा वर्मा नगर पुलिस अधीक्षक दल्लीराजहरा के मार्गदर्शन में निरीक्षक सुनील तिर्की थाना प्रभारी राजहरा द्वारा टीम गठित कर आरोपी का तत्काल पता तलाश किया गया । श्रीमान नगर पुलिस अधीक्षक डा0 चित्रा वर्मा की सतत ‍निगरानी में मामले के आरोपियों की पता तलाश की जा रही थी, संदेही उत्तम देशमुख उर्फ पदरू जो दो माह पूर्व भी जेल से रिहा होकर आया है एवं दिनांक 11.11.2024 को प्रार्थी से ग्राम जुंगेरा मीरा दतार बाबा मजार मिला था जो बातो बातों मे ही प्रार्थी से पुछ लिया कि इलाज के लिये कब तक रूकोगे। प्रार्थी ने कहा कि लगभग एक सप्ताह रूकूंगा घटना क्रम को जोडते हुए संदेही उत्तम देशमुख उर्फ पदरू को पुछताछ के लिये थाना लाया गया, जो घटना को अपने साथी देशमुख यादव के साथ दिनांक 11-12.11.2024 के दरम्यानी रात्रि प्रार्थी के घर के मुख्य दरवाजा को तोडने का प्रयास किये नहीं टूटने पर एसबेस्टस सीट को तोडकर घुसकर सोने चांदी का जेवरात व नगदी रकम चोरी करना स्वीकार किये । आरोपी उत्तम देशमुख चोरी के सोने चांदी के जेवरात को अपने घर के आलमारी में रखा था व नगदी रकम 1500 रूपये खर्च करना बताया व 1500 रूपये साथी आरोपी देशमुख यादव को देना बताया । आरोपी उत्तम देशमुख से उपरोक्त संपूर्ण सोने चांदी के ज्वेलरी सामान को उसके घर के आलमारी से बरामद किया गया एवं आरोपी देशमुख यादव से चोरी के बटवारे के 1500 रूपये को बरामद किया गया ।

कार्रवाई में इनकी रही भूमिका

प्रकरण में आरोपियों की गिरफ्तारी एवं सोने चांदी के जेवरात की बरामदगी कार्यवाही में थाना राजहरा से निरीक्षक सुनील तिर्की, सउनि सूरज साहू, कांताराम घिलेन्द्र, आरक्षक मनोज साहू, छन्नू बंजारे, शेरअली, योगेश सिन्हा, प्रवीण राजपूत, सुरेन्द्र देशमुख, गिरधर साहू की सराहनीय भुमिका रही है ।

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