
बालोद।
गुरुर जनपद पंचायत के सीईओ राजेंद्र कुमार पडौती को वहां से तत्काल हटाने की मांग को लेकर सरपंच संघ व सचिव संघ दोनों ने संयुक्त रूप से मोर्चा खोल दिया है और इसके लिए 16 जून को कलेक्टर के नाम से ज्ञापन भी सौंपा गया है। सरपंच संघ के जिलाध्यक्ष लेखक चतुर्वेदी तो वही सचिव संघ के अध्यक्ष पन्नालाल सिन्हा ने कहा कि आए दिन जनपद पंचायत के सीईओ द्वारा जनप्रतिनिधियों के अलावा कर्मचारियों के साथ दुर्व्यवहार किया जाता है। जिससे सभी तंग आ गए हैं और अगर उन्हें यहां से नहीं हटाया जाता है तो 21 जून तक की स्थिति में कार्यवाही ना होने पर 22 जून से आंदोलन व धरना प्रदर्शन हेतु हमें बाध्य होना पड़ेगा। जब तक कार्यवाही नहीं होती पंचायत कोई काम नहीं करेगी। इस संबंध में अल्टीमेटम दिया गया है। सरपंच व सचिवों ने आरोप लगाया है कि सीईओ का जनप्रतिनिधियों और कर्मचारियों के साथ व्यवहार ठीक नहीं है। जनप्रतिनिधियों एवं कर्मचारियों को आर्थिक व मानसिक रूप से काफी परेशान किया जाता है। कार्यो को कराने हेतु डराना धमकाना मीटिंग के दौरान भी अधीनस्थ कर्मचारियों से दुर्व्यवहार करता है। जिसे सभी जनप्रतिनिधि एवं कर्मचारी गण इनके व्यवहार से काफी कुंठित एवं परेशान है। ऐसी परिस्थिति में इनके साथ काम करना कठिन हो गया है। इससे ग्राम पंचायत में सभी संचालित कार्य योजनाओं का कार्य बाधित हो रहा है। दोनों संघ ने मांग की है कि जब तक इनको जनपद पंचायत गुरुर से नहीं हटाया जाता है तब तक कोई भी ग्राम पंचायत कार्य नहीं करेगा। मांग करने वालों में प्रमुख रूप से यशवंत पुरी गोस्वामी, विजेंद्र ध्रुवे, चंदा साहू रेणुका गजेंद्र दिनेश्वरी सिन्हा केकती बाई सत्यवान सरपंच बेनू राम गुरुवाणी गोपाल सिन्हा रोहित सिन्हा शामिल है।
