वाट्सएप ग्रुप का ऐसा भी इस्तेमाल – कोरोना वायरस के बीच डिजिटल माध्यम से हुई मिट्टी जांच शिविर



बालोद। रिलायंस फाउंडेशन एक तरफ कोरोना वायरस से पीड़ित लोगों की मदद करने के साथ साथ कृषि कार्य के लिए किसानों को भी अछूता नहीं छोड़ा। रिलायंस फाउंडेशन के मदद से किसान भाई वाट्सएप ग्रुप के जरिए सीधे कृषि विशेषज्ञ से जुड़कर जानकारी साझा किया गया | बालोद जिले मे खरीब फसल मुख्य रूप से कृषकों की आमदनी का सहारा है इसके लिए अभी से मिट्टी के गुणों, पोषक तत्वों को जानकर उसमे पाए जाने वाले कमी को दूर करने के लिए मिट्टी जाॅच बहुत जरूरी होती है जिससे मिट्टी स्वस्थ रहेगी तो उत्पादन मे भी बडोतरी होगी।
कृषि विशेषज्ञ श्रीमान पंकज निषाद ने चर्चा करते हुए कहा कि किसान भाई आज कोरोना महामारी के चलते कोई भी शिविर भीड़ में नही किया जा सकता इसको ध्यान मे रखते हुए कृषकों मिट्टी की पोषक तत्वों, NPK, मृदा PH, मृदा उर्वरता, तथा मिट्टी के गुणों को बढाने के विषय मे चर्चा की गई साथ ही मिट्टी के नमूने कैसे लिए जाए, किस स्थान से लिया जावे, कितनी गहराई तक का लिया जावे इस विषय मे पूर्ण रूप से जानकारी दी गई। किसानो को सलाह दी गई की अभी मिट्टी जाॅच के लिए उपयुक्त समय है आप अपने जमीन से मिट्टी का नमुना लेकर उसे अपने पास रखे जैसे ही लॉक डाउन समाप्त होगा आप इसे ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी के माध्यम से निशुल्क जांच कराने के लिए दे सकते है.इस तरह लगभग बालोद जिले के चार से 5 गॉव के 25- 30 कृषक इस चर्चा में समिलित हुए। उक्त चर्चा में रिलायंस फाउंडेशन प्रमुख भूपेंद्र साहू ने कार्यक्रम में किसान निः शुल्क नंबर 1800-419-8800 की जानकारी दिया जिसमें मौसम, कृषि, पशुपालन जैसे विषयों में विशेषज्ञ द्वारा जानकारी मिलती है।

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