बालोद, 27 अप्रैल 2026। पुलिस अधीक्षक श्री योगेश कुमार पटेल ने पुलिस कार्यालय बालोद में जिले के समस्त राजपत्रित अधिकारियों एवं थाना प्रभारियों की अहम बैठक लेकर बीट प्रणाली को मजबूत करने और पुलिसिंग को अधिक जवाबदेह बनाने के सख्त निर्देश दिए। बैठक का मुख्य फोकस ग्रामीण क्षेत्रों में सतत निगरानी, त्वरित प्रतिक्रिया और अपराध नियंत्रण सुनिश्चित करना रहा।
बीट व्यवस्था पर कड़ा फोकस, हर गांव की जिम्मेदारी तय
बैठक में पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट निर्देश दिए—
- थाना/चौकी स्तर पर ग्रामवार बीट विभाजन की अद्यतन सूची तैयार कर तत्काल लागू की जाए।
- प्रत्येक आरक्षक को आबंटित गांवों की जिम्मेदारी स्पष्ट रूप से तय कर उसका रिकॉर्ड रखा जाए।
- बीट प्रभारी द्वारा गांवों के नियमित भ्रमण की पूरी जानकारी—तारीख, स्थान और संख्या सहित—संधारित की जाए।
बीट पुस्तिका और रोजनामचा में लापरवाही नहीं होगी बर्दाश्त
- बीट भ्रमण के बाद बीट पुस्तिका थाना प्रभारी को दिखाना अनिवार्य किया गया।
- थाना प्रभारी द्वारा निरीक्षण कर आवश्यक टिप्पणियां दर्ज करने के निर्देश दिए गए।
- बीट पर निकलने से पहले रोजनामचा (सान्हा) में समय, तारीख और ग्राम का नाम दर्ज करना अनिवार्य किया गया।
- बीट पुस्तिका का संधारण नहीं करने वाले कर्मचारियों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
अपराध और घटनाओं की तत्काल सूचना अनिवार्य
- बीट क्षेत्र में होने वाले अपराध, दुर्घटना और मर्ग की जानकारी तुरंत थाना स्तर पर उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए।
- थाना सूचना तख्ती (डिस्प्ले बोर्ड) में प्रविष्टियां दर्ज कर उसकी छायाप्रति सुरक्षित रखने को कहा गया।
जनता से सीधा संवाद और त्वरित पुलिसिंग पर जोर
पुलिस अधीक्षक ने कहा कि बीट प्रणाली मजबूत होने से आम जनता के साथ सीधा संवाद बेहतर होगा, जिससे अपराध नियंत्रण और त्वरित पुलिस प्रतिक्रिया सुनिश्चित होगी।
बैठक में वरिष्ठ अधिकारी रहे मौजूद
बैठक में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रीमती मोनिका ठाकुर, डीएसपी श्री बोनिफास एक्का, डीएसपी श्री राजेश बागड़े, सीएसपी राजहरा श्री विकास पाटले सहित सभी थाना प्रभारी उपस्थित रहे।
सुरक्षा और विश्वास को प्राथमिकता
जिला पुलिस बालोद द्वारा कहा गया कि आम जनता की सुरक्षा और विश्वास को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए प्रभावी पुलिसिंग के लिए निरंतर कार्य किया जा रहा है।
