सुशासन व सामाजिक विकास मॉडलों के अध्ययन के लिए मुंबई में होगा प्रशिक्षण कार्यक्रम
बालोद। जिला पंचायत बालोद के निर्वाचित सदस्यगण एक्सपोजर विजिट (अध्ययन भ्रमण) के लिए महाराष्ट्र राज्य रवाना हुए। यह दल जिला पंचायत संसाधन केंद्र, दुर्ग से प्रस्थान किया। इस अवसर पर जिला पंचायत बालोद के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री सुनील चंद्रवंशी एवं ग्रामीण विकास विभाग की उप संचालक श्रीमती काव्या जैन विशेष रूप से उपस्थित रहे। दुर्ग संभाग के सभी जिलों के जिला पंचायत सदस्यों को संयुक्त रूप से इस अध्ययन भ्रमण कार्यक्रम के लिए रवाना किया गया।
यह अध्ययन भ्रमण कार्यक्रम पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री विजय शर्मा के मंशानुरूप एवं दिशा-निर्देशन में आयोजित किया जा रहा है। कार्यक्रम की अवधि 27 जनवरी से 01 फरवरी 2026 तक निर्धारित की गई है। इस दौरान जिला पंचायत सदस्यों को रामभाऊ म्हालधी प्रबोधिनी संस्था, मुंबई में प्रशिक्षण एवं अध्ययन का अवसर प्राप्त होगा।
अध्ययन भ्रमण के अंतर्गत महाराष्ट्र राज्य में लागू सुशासन के प्रभावी मॉडल, सामाजिक विकास योजनाएँ, पंचायती राज व्यवस्था, ग्रामीण आजीविका, स्वच्छता, महिला सशक्तिकरण एवं जनभागीदारी आधारित योजनाओं का गहन अध्ययन कराया जाएगा। इन मॉडलों को समझकर छत्तीसगढ़ के जिलों में स्थानीय आवश्यकताओं के अनुरूप लागू करने की दिशा में जिला पंचायत सदस्यों को मार्गदर्शन दिया जाएगा।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य जिला स्तर के जनप्रतिनिधियों की प्रशासनिक क्षमता का विकास, नीति निर्माण में दक्षता तथा जनहितकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को बढ़ावा देना है। अध्ययन भ्रमण के दौरान सहभागियों को विशेषज्ञों द्वारा व्याख्यान, क्षेत्रीय भ्रमण एवं संवाद सत्रों के माध्यम से व्यवहारिक जानकारी भी प्रदान की जाएगी।
उम्मीद की जा रही है कि यह एक्सपोजर विजिट जिला पंचायत सदस्यों के लिए अत्यंत उपयोगी सिद्ध होगी और इसके अनुभवों का लाभ भविष्य में जिले के ग्रामीण विकास एवं सुशासन को और अधिक सशक्त बनाने में मिलेगा।
