संघ संगठन के 100 वर्ष पूर्ण होने पर, डौंडीलोहारा नगर में घर घर संपर्क कर पत्रक वितरण अभियान जारी



स्वयंसेवक घर घर जाकर संघ पुस्तिका,पत्रक व भारत माता की फोटो का कर रहे वितरण

डौंडीलोहारा । राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के संगठन व सेवा के संघ यात्रा के 100 वर्ष पूर्ण होने पर घर घर संपर्क अभियान के तहत सोमवार को डौंडीलोहारा नगर में घर घर संपर्क कर पत्रक वितरण का कार्यक्रम का शुरुआत किया गया।सर्वप्रथम पुराने बस स्टैंड स्थित मां महाकाली मंदिर प्रांगण में मां को नमन करने के बाद पुजारी लोकेश दुबे को संघ पत्रक व भारत माता के तेलचित्र फोटो का वितरण कर अभियान को प्रारंभ किया गया। जिसके तहत नगर के पुराना बस स्टैंड,सदर लाइन,विवेकानंद चौक, बाजार चौक,नया बस स्टैंड,संजयनगर में घर घर जाकर संपर्क किया गया। राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ का प्रत्येक स्वयं सेवक नियमित रूप से समाज परिवर्तन और समस्याओं का समाधान करने के लिए सतत सक्रिय रहते हैं। लेकिन शताब्दी वर्ष को निमित्त मानकर पांच विषयों पर सज्जन शक्ति के सहयोग से जन जागरण के लिए विशेष प्रयत्न करने पंच परिवर्तन का अभियान भी चलाया जा रहा है। जिसके तहत सामाजिक समरसता, पर्यावरण संरक्षण, कुटुंब प्रबोधन,स्व आधारित जीवन,व नागरिक कर्तव्य बोध के माध्यम से आमजन तक संपर्क व कार्यक्रम चलाए जाएंगे। इसी क्रम में आज घर घर संपर्क किया गया । आज इस कार्यक्रम में संघ संगठन के सियाराम सार्वा,विश्व हिंदू परिषद के जिला अध्यक्ष बलराम गुप्ता,महेंद्र जयसवाल,भानुदेव साहू,देव देवांगन,महावीर तातेड,राजू सिन्हा,धर्मेंद्र निषाद,प्यारे लाल निषाद,हीरा ठाकुर,अजय बाफना,
डोमार साहू,अशोक सिन्हा,सेवंत देवांगन,तोरण ठाकुर,मंजू लता श्रीवास,प्रतिभा सुकतेल, दुर्गेश्वरी,सुरेश,गोविंद साहू,डोमेंद्र देशमुख, सहित सरस्वती शिशु मंदिर के दीदी व बहनों के साथ छात्र छात्राएं भी इस अभियानवमे साथ शामिल रहे। विश्व हिंदू परिषद के जिला अध्यक्ष बलराम गुप्ता ने इस अभियान को लेकर कहा कि संघ का 100 वर्षों से यह महायज्ञ अविरत रूप से चल रहा है। देश व समाज के सामने आने वाली चूनौतियों का समाधान व परिवर्तन लाने यह संघ कार्य का अगला चरण है। देश बहुत विशाल है इस हेतु सभी को एक साथ मिलकर काम करना होगा इसके लिए आमजन को सक्रिय होना होगा अपनी पवित्र भूमि, मातृभूमि को विश्व गुरु बनाने इस राष्ट्र कार्य में सभी सक्रिय भूमिका निभाने साथ आए। भारत माता को परम वैभव तक पहुंचाए।

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