बालोद। सोसाइटी फॉर इंटीग्रेटेड रुरल डेवलपमेंट ( SIRD) के द्वारा विश्व पर्यावरण दिवस पर स्व सहायता समूहों के सहयोग से सीड बॉल बनाने की कार्यशाला का आयोजन किया गया | विदित हो कि डोंडी लोहारा ब्लॉक के कमकापार / टेकापार एवं हितापठार/ पिडियाल में नाबार्ड के वित्तीय सहयोग से जलग्रहण योजना का संचालन SIRD के द्वारा किया जा रहा है। परियोजना के अंतर्गत जलवायु परिवर्तन के प्रभावों से ग्रामीण परिवेश को बचाने के लिए विभिन्न प्रयास किए जा रहे है। कम मेहनत से ज्यादा पौधरोपण के लिए इमली , महुआ , नीम ,चार , खम्हार करंज एवं सिदुरी सहित फलदार पौधों सहित कटहल एवं आम , अमरूद आदि के सीड बाल बनाने का प्रशिक्षण दिया गया एवं कार्यशाला में लगभग 5000 सीड बाल बनाए गए। इन सीड बाल को सूखने के बाद बरसात मे उचित स्थानो पर फेंक दिया जाएगा जिससे पौधे अंकुरित होंगे । कार्यक्रम को संबोधित करते हुये संस्था की अध्यक्ष श्रीमति वीणापाणि खरे ने बताया कि हमारे आसपास जंगल खत्म होते जा रहे है , जिससे मौसम में परिवर्तन हो रहा है , अत: ज्यादा से ज्यादा पौधे लगाने के लिए सीड बाल एक अच्छा विकल्प है।ज्ञात हो की संस्था SIRD के द्वारा विज्ञानोदय नामक एक मिशन चलाया जा रहा है , जिसके अंतर्गत ग्रामीणो को सामान्य विज्ञान की जानकारी के साथ साथ जलवायु परिवर्तन पर जागरूक किया जा रहा है। संस्था द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम को सफल बनाने में महिला समन्वयक श्रीमति प्रतिमा साहू , सतेन्द्र सिन्हा , सौरभ दास , रोशन लाल , जलग्रहण समिति के अध्यक्ष पुनीत राम गोटा आदि का विशेष सहयोग रहा।
विश्व पर्यावरण दिवस महिलाओं ने बनाया सीड बॉल , कार्यशाला में दिया गया प्रशिक्षण
