बालोद । शहीद दुर्वासा निषाद शासकीय महाविद्यालय अर्जुंदा बालोद के गृह विज्ञान विभाग द्वारा बी ए प्रथम सेमेस्टर तथा GE गृह विज्ञान प्रथम सेमेस्टर के विद्यार्थियों ने प्राथमिक बुनकर सहकारी समिति मर्यादित अर्जुंदा के हैंडलूम सेंटर तथा गोदाम में भ्रमण किया एवं वस्त्र निर्माण के विभिन्न आयामों का अध्ययन किया। छात्राएं करघे के विभिन्न भाग जैसे वार्प बीम, क्लॉथ बीम, शटल, हार्नेस, रीड आदि को प्रत्यक्ष रूप से देखकर उत्साहित हुई। समिति के सोहन देवांगन ने बताया कि इस समिति में 126 बुनकर काम करते हैं तथा शूटिंग, गणवेश, ट्यूनिक बनाए जाते हैं जिसे समिति संस्था को भेजती है। उन्होंने गोदाम का भी भ्रमण कराया।

भगवत प्रसाद देवांगन, रामेंद्र देवांगन तथा कमलेश्वरी देवांगन ने बताया की 1 मीटर कपड़ा बुनने के लिए 30 से ₹40 प्राप्त होते हैं तथा पोशाकों के लिए विभिन्न ताने तथा बाने के धागों की जानकारी दी। इस दौरान छात्राओं ने लक्ष्मण देवांगन तथा दुलारी बाई के गृह में हाथकरघे में की जाने वाली बुनाई को भी देखा। दुलारी बाई ने बताया हफ्ते में 72 मीटर का तीन थान वह बुन लेती है तथा उसे इस कार्य को करते हुए 15 वर्ष हो चुके हैं। अंत में विभागाध्यक्ष डॉ रश्मि सिंह ने बताया की जो करघे के विभिन्न भागों का सैद्धांतिक तौर पर अध्ययन छात्राएं कर रही हैं उसे प्रत्यक्ष रूप से देखना अत्यंत ही रुचिप्रद था। इस अवसर पर 35 छात्राएं उपस्थित थी।
