बालोद। प्रदेश महिला कांग्रेस अध्यक्ष एवं संजारी-बालोद विधायक श्रीमती संगीता सिन्हा ग्राम आरौद के दौरे के दौरान एक अलग ही अंदाज में नजर आईं। कार्यक्रम के बाद जब उन्होंने गांव के बच्चों को पारंपरिक खेल ‘काँचा’ (कंचे) खेलते देखा, तो वे स्वयं भी बच्चों के बीच पहुंच गईं और उनके साथ कुछ देर तक कंचे खेलकर बचपन की यादें ताजा कीं।
विधायक श्रीमती संगीता सिन्हा का यह सहज और आत्मीय व्यवहार देखकर ग्रामीणों एवं बच्चों में उत्साह का माहौल बन गया। बच्चों ने उनके साथ खेल का आनंद लिया, वहीं ग्रामीणों ने उनकी सादगी, सहजता और अपनत्व की सराहना की।
इस अवसर पर श्रीमती संगीता सिन्हा ने कहा कि पारंपरिक खेल हमारी संस्कृति और बचपन की अनमोल धरोहर हैं। ऐसे खेल बच्चों में एकाग्रता, आपसी सहयोग और स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना विकसित करते हैं। उन्होंने बच्चों को पढ़ाई के साथ-साथ खेलकूद में भी सक्रिय रहने के लिए प्रेरित किया।
ग्रामीणों ने कहा कि विधायक का बच्चों के साथ इस तरह घुल-मिल जाना उनके सरल व्यक्तित्व और आमजन से सीधे जुड़ाव को दर्शाता है। विधायक के इस सहज अंदाज की ग्रामीणों के बीच चर्चा रही और बच्चों के साथ बिताए उनके पल सभी के लिए आकर्षण का केंद्र बने।













