बालोद में दिव्यांगजनों की आवाज बुलंद: जिला स्तरीय बैठक व होली मिलन में बनी रोजगार और सशक्तिकरण की ठोस रणनीति



बालोद, 17 मार्च 2026। छत्तीसगढ़ विकलांग मंच द्वारा गंगासागर तालाब परिसर में जिला स्तरीय बैठक एवं होली मिलन समारोह का आयोजन किया गया, जिसमें दिव्यांगजनों के अधिकार, रोजगार और सामाजिक सशक्तिकरण को लेकर गहन मंथन हुआ। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में दिव्यांगजन शामिल हुए और अपनी समस्याओं व सुझावों को खुलकर रखा।


प्रदेश पदाधिकारियों की मौजूदगी में हुई अहम चर्चा

कार्यक्रम में मंच के प्रदेश अध्यक्ष ईश्वर छत्ता और प्रदेश उपाध्यक्ष अरविंद शर्मा की गरिमामयी उपस्थिति रही। उनके मार्गदर्शन में दिव्यांगजनों से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा करते हुए समाधान की दिशा में ठोस कदम उठाने पर सहमति बनी।


अधिकारों के संरक्षण और क्रियान्वयन पर जोर

बैठक में दिव्यांगजनों के अधिकारों के संरक्षण और उनके प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर गंभीर विचार-विमर्श किया गया। सामाजिक और आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए योजनाओं को जमीनी स्तर पर लागू करने की आवश्यकता पर विशेष जोर दिया गया।


रोजगार बना सबसे बड़ा मुद्दा

चर्चा के दौरान यह बात सामने आई कि दिव्यांगजनों के बीच बेरोजगारी एक बड़ी चुनौती बनी हुई है। इसको देखते हुए रोजगार के नए अवसरों के सृजन, कौशल विकास और स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए विस्तृत कार्ययोजना तैयार की गई


परिचय सम्मेलन का लिया गया निर्णय

दिव्यांग युवक-युवतियों के सामाजिक सशक्तिकरण को ध्यान में रखते हुए निकट भविष्य में परिचय सम्मेलन आयोजित करने का निर्णय लिया गया, जिससे उनके सामाजिक समावेशन को और मजबूती मिल सके।


जिलेभर से दिव्यांगजनों की सक्रिय भागीदारी

कार्यक्रम में शिव कुमार साहू, राकेश निर्मलकर, हरिराम कोर्राम, राधा देशमुख, सुनीता ठाकुर, केसरी साहू सहित कई दिव्यांगजनों की सक्रिय सहभागिता रही, जिससे आयोजन सफल रहा।


सशक्तिकरण का लिया संकल्प

अंत में सभी उपस्थित सदस्यों ने दिव्यांगजनों के अधिकारों की रक्षा, उनके समग्र विकास और सशक्तिकरण के लिए निरंतर कार्य करते रहने का संकल्प लिया। यह आयोजन जिले में दिव्यांगजनों के लिए एक नई दिशा और उम्मीद लेकर आया है।

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