आईजी ने लगाया पुलिस दरबार, सुनी समस्याएं, रक्षित केंद्र में नव निर्मित मैगजीन भवन एवं महिला सेल बालोद का किया गया शुभारंभ, जानिए क्या होता है पुलिस विभाग में मैगजीन भवन?



बालोद। आईजी रामगोपाल गर्ग शुक्रवार को बालोद जिले की दौरे पर रहे। इस दौरान उन्होंने बालोद जिला मुख्यालय में पुलिस दरबार आयोजित कर पुलिस कर्मियों की समस्याएं सुनी तो वही बालोद जिले में विधिवत महिला सेल भवन और मैगजीन भवन का उद्घाटन किया गया। दरबार आयोजित कर अधिकारी कर्मचारियों की समस्या/गुजारिशें सुनी और उनके उचित निराकरण हेतु संबंधित प्रभारियों को निर्देश दिए गए। ई.साक्ष्य एप, ई.समंस एवं सशक्त एप पर हाईटेक पुलिसिंग के तर्ज पर जिला बालोद के सभी अधिकारी कर्मचारियों को अनिवार्य रूप रजिस्टर कर केस दर्ज करने, समंस तामिली एवं चोरी के वाहनों का डिटेक्शन हेतु इन एप्स का उपयोग करने निर्देशित किए गए। साइबर क्राइम फाइनेंशियल फ्रॉड के मामलों में म्यूल अकाउंट को फ्रीज कराने और म्यूल खाताधारकों पर वैधानिक कार्यवाही करने निर्देशित किए गए। पुलिस कार्यालय बालोद में मीटिंग आयोजित कर जिले के राजपत्रित अधिकारी, थाना प्रभारियों एवं पुलिस कार्यालय स्टाफ के साथ थाना/ऑफिस कार्य को लेकर हुई विस्तृत चर्चा हुई। अपराध नियंत्रण तथा लंबित मामलों के निराकरण समेत अन्य महत्त्वपूर्ण मुद्दों पर भी चर्चा हुई। नवीन कानून के संबंध में बालोद जिले के सभी पुलिस अधिकारी कर्मचारियों को अध्ययन कर प्रॉपर सही जानकारी रखने सटीकता से विवेचना करने निर्देशित किए गए। इस दौरान पुलिस महानिरीक्षक दुर्ग रेंज दुर्ग राम गोपाल गर्ग (भापुसे) द्वारा जिला पुलिस बालोद का वार्षिक निरीक्षण किया गया। रक्षित केंद्र बालोद में परेड निरीक्षण के दौरान उत्तम वेशभूषा धारण करने वाले अधिकारी/कर्मचारियों को पुरस्कृत किया गया। एमटी शाखा के वाहनों समेत रक्षित केंद्र बालोद के प्रशासनिक भवन का जायज़ा लिया जाकर बेहतर रखरखाव बनाए रखने निर्देशित किए गए साथ ही आर्म्स एम्यूनेशन हेतु नव निर्मित मैगजीन भवन का शुभारंभ भी किया गया।

कर्मचारियों की समस्याओं के निराकरण हेतु दरबार आयोजित कर समस्या/गुजरिशें सुनकर उनके उचित निराकरण हेतू दिशा निर्देश दिए । लाइन निरीक्षण पश्चात् पुलिस अधीक्षक कार्यालय बालोद के सभा कक्ष में राजपत्रित अधिकारियों एवं थाना प्रभारियों की मीटिंग ली गई। जिसमें सभी थाना प्रभारी से थाना कार्य की समीक्षा कर थाना स्टाफ की डेली ड्यूटी को बेहतर करने, बीट एरिया के ग्रामों में एक्टिव रहकर अपराध नियंत्रण अनुसंधान कार्यों में अपने दायित्वों का निर्वहन करने के संबंध में थाना प्रभारियों को समय समय पर अपने अधिनस्थ स्टाफ को ब्रीफ करने निर्देशित किए एवं लंबित प्रकरणों का शीघ्र निकाल के लिए आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए। साइबर अपराध के प्रति आमजनों को जागरूक करने तथा फाइनेशियल फ्रॉड के प्रकरणों में म्यूल अकाउंट को फ्रीज करने के संबंध में निर्देशित किया गया। पश्चात नए कानून की जानकारी आमजनों तक पहुंचाने एवं पुलिस विभाग के अधिनस्थ स्टाफ को भी नए कानून के बारे में अध्ययन कर उचित जानकारी रखकर पुलिस अनुसंधान कार्यों में सटीकता लाने अपराधियों को उनके अंजाम तक पहुंचाने समेत बेल विरोध एवं दोषमुक्त प्रकरणों पर भी चर्चा कर उक्त हेतु उचित दिशा निर्देश दिए गए। जिले में कार्यरत अधिकारी कर्मचारियों को ई.साक्ष्य एप पर केस रजिस्टर करके विवेचना के सम्पूर्ण यूजर इंटफेस बेहतर तरीके से ऑपरेट करने, तथा कोर्ट से जारी होने वाले समंस नोटिस को ई.समंस के जरिए कम समयावधि में संबंधित को तामिली करने की सरल प्रक्रिया के बारे में अवगत कराया गया तथा सशक्त एप पर हाईटेक पुलिसिंग के तर्ज पर चोरी के वाहनों का डिटेक्शन हेतु इन सभी एप्स का उपयोग करने निर्देशित किए गए। पुलिस महानिरीक्षक श्री गर्ग द्वारा बालोद जिले के कानून व्यवस्था, 2024-25 के सफल चुनाव ड्यूटी की प्रशंसा कर अधिकारी कर्मचारियों की मनोबल बढ़ाते हुए सभी को शुभकामनाएं ज्ञापित की गई। इस दौरान रक्षित केंद्र बालोद में आर्म्स एम्यूनेशन हेतु नव निर्मित मैगजीन भवन एवं महिला सेल बालोद के नवीन भवन का शुभारंभ कर सभी स्टाफ को बेहतर कार्य करने हेतु शुभकामनाएं प्रेषित की गई। उक्त निरीक्षण/भवन शुभारंभ के दौरान पुलिस अधीक्षक योगेश कुमार पटेल, एसडीओपी देवांश सिंह राठौर, सीएसपी डॉ चित्रा वर्मा, डीएसपी राजेश बागड़े, डीएसपी बोनीफास एक्का, परेड कमांडर रक्षित निरीक्षक रेवती वर्मा, टू आईसी इंदिरा वैष्णव, समेत समस्त थाना प्रभारी एवं जिले के अन्य अधिकारी कर्मचारी उपस्थित हुए।

पुलिस विभाग में क्या होता है मैगजीन भवन

पुलिस विभाग में “मैगज़ीन” शब्द का अर्थ आमतौर पर गोला-बारूद भंडारण से संबंधित होता है। पुलिस मैगज़ीन भवन या आर्मरी एक सुरक्षित भवन या सुविधा होती है जहां पुलिस विभाग के हथियार और गोला-बारूद को संग्रहीत और प्रबंधित किया जाता है।

पुलिस मैगज़ीन भवन के मुख्य कार्य

  1. हथियार और गोला-बारूद का भंडारण: पुलिस विभाग के हथियार और गोला-बारूद को सुरक्षित और नियंत्रित तरीके से संग्रहीत करना।
  2. सुरक्षा और प्रबंधन: हथियार और गोला-बारूद की सुरक्षा और प्रबंधन के लिए आवश्यक उपाय करना, जैसे कि अभिगम नियंत्रण, निगरानी और लेखांकन।
  3. वितरण और निरीक्षण: हथियार और गोला-बारूद को पुलिस अधिकारियों और इकाइयों को वितरित करना और उनकी नियमित जांच और निरीक्षण करना।

पुलिस मैगज़ीन भवन की विशेषताएं:

  1. सुरक्षित और संरक्षित: मैगज़ीन भवन को सुरक्षित और संरक्षित बनाने के लिए विशेष डिज़ाइन और निर्माण किया जाता है।
  2. अभिगम नियंत्रण: भवन में अभिगम को नियंत्रित करने के लिए विशेष उपाय किए जाते हैं, जैसे कि पहरेदार, कैमरे और अलार्म सिस्टम।
  3. नियमित निरीक्षण और लेखांकन: हथियार और गोला-बारूद की नियमित जांच और लेखांकन किया जाता है ताकि उनकी सुरक्षा और प्रबंधन सुनिश्चित किया जा सके।पुलिस मैगज़ीन भवन पुलिस विभाग के लिए एक महत्वपूर्ण सुविधा है जो हथियार और गोला-बारूद की सुरक्षा और प्रबंधन में मदद करती है।

You cannot copy content of this page