अपनी मांगों को लेकर राज्य भर के दिव्यांगों ने दिया रायपुर में धरना, बालोद जिले के दिव्यांग संगठन के लोग भी हुए शामिल



बालोद। छत्तीसगढ़ दिव्यांग सेवा संघ के आह्वान पर छत्तीसगढ़ शासन प्रशासन के विरोध और अपनी मांगों को लेकर राज्य भर के दिव्यांग साथियों ने रायपुर में धरना दिया । इसमें बालोद जिले के दिव्यांग भी बड़ी संख्या में शामिल हुए। संगठन द्वारा दिव्यांगजन स्वाभिमान पैदल मार्च निकाला जाना था।जो कि अनिश्चितकालीन पैदल मार्च था। लेकिन शासन से पैदल मार्च की अनुमति नहीं मिलने पर धरना प्रदर्शन कर अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन किया गया। जानकारी अनुसार संघ के प्रतिनिधि मंडल के द्वारा शासन-प्रशासन के उच्च अधिकारी तथा उपमुख्यमंत्री द्वय अरुण साव, विजय शर्मा, मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े, रामविचार नेताम, ओ.पी. चौधरी एवं विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह से मिलकर अपने 6 बिंदु पर मांग रख चुके हैं। इसके बाद 26 अगस्त को मुख्यमंत्री के द्वारा हमारे संघ के प्रतिनिधि मंडल से चर्चा किया गया, हमारे 6 बिन्दु के मांग को 1 माह के अंदर पूर्ण करने का आश्वासन दिया गया। जिसके बाद दिनांक 28 अगस्त 2024 को रायपुर में विशाल दिव्यांगजन स्वाभिमान पैदल मार्च स्थगित किया गया था। लेकिन 3 माह बीत जाने के बाद भी कोई मांग पूरा नहीं हुआ। अतः शासन-प्रशासन के इस वादाखिलाफी से प्रदेश के समस्त दिव्यांगजन दुखी हैं, जिसके चलते छत्तीसगढ़ के समस्त दिव्यांग, 03 दिसम्बर 2024 अन्तर्राष्ट्रीय दिव्यांग दिवस का विरोध करते हुए काली पट्टी लगाकर शासन के खिलाफ दिव्यांगजन स्वाभिमान पैदल मार्च किये गये थे। शासन-प्रशासन की नाकामियों व दिव्यांगजनों के साथ हो रहे अत्याचार व दिव्यांग कोटे में फर्जीवाड़ा करने वाले, फर्जी दिव्यांग प्रमाण पत्र बनाने वाले डॉक्टर के नामों को बताते हुए मरीन ड्राइव रायपुर से जय स्तंभ चौक तक चलने का निर्णय लिया था। लेकिन पैदल मार्च की अनुमति नहीं मिलने पर रायपुर में धरना स्थल पर बैठकर दिव्यांगों ने अपना विरोध जताया।

ये है दिव्यांगों की मांगे

  1. संघ के शिकायती पत्रों में उल्लेखित समस्त फर्जी दिव्यांगजनों का राज्य मेडिकल बोर्ड से दिव्यांगता का भौतिक परिक्षण कराकर फर्जी दिव्यांग शासकीय कर्मियों को बर्खास्त किया जाए।
  2. दिव्यांजनों को प्रतिमाह 5000 रुपया मासिक पेंशन दिया जाए एवं बीपीएल की बाध्यता खत्म किया जाए ।
  3. 18 वर्ष से ऊपर के अविवाहित दिव्यांग युवती/महिला को महतारी वंदन योजना में शामिल किया जाए ।
  4. दिव्यांगजन विशेष भर्ती अभियान चलाकर अतिशीघ्र शासकीय पद निकालते हुए विज्ञापन जारी किया जाए ।
  5. शासकीय दिव्यांग कर्मियों को पदोन्नति में 4 प्रतिशत आरक्षण दिया जाए ।
  6. बेरोजगार दिव्यांगों को बिना गारंटर लोन दिलाया जाए एवं कोरोना पूर्व दिये गये समस्त ऋण माफ किया जाए ।

अब नई सहिबो, अपन अधिकार लेके रहिबो

अब नई सहिबो, अपन अधिकार लेके रहिबो इस नारे के साथ राज्य भर से दिव्यांग शामिल हुए। दिव्यांगों के इस धरना प्रदर्शन में बालोद जिले से हरिराम कोर्राम, ब्लॉक अध्यक्ष घनाराम साहू, प्रदेश प्रतिनिधि शिवकुमार साहू, मीडिया प्रभारी दिगंबर साहू, फूलकुंवर साहू, राधाबाई, सुनीता ठाकुर, डीगेश्वरी, शबाना, हिरमोतिन, पवन ठाकुर, अश्वंतिन, खेमिन आदि शामिल हुए

You cannot copy content of this page