बालोद। छत्तीसगढ़ की संस्कृति को सहेजने एवं अपने सेवा रूपी कार्य के लिए प्रयास में जुटी बालोद की अभिप्रेरणा ग्रुप की महिलाओं ने इस वर्ष भी सावन झूला का अनूठा आयोजन किया। धर्म शास्त्र में सावन के माह में झूले का बहुत ही महत्व वर्णित है साथ ही सावन में हरे रंग की चूड़ियों का भी महत्व देखने को मिलता हैं,यहां आयोजन बालोद एवं बाहर की सभी महिलाओं के लिए था, जहां सभी महिलाएं और युवतियां हरी परी बनकर यानी हरी ड्रेस और साड़ी पहनकर इस आयोजन में शामिल हुई। प्रकृति की गोद बूढ़ा तलाब गार्डन बालोद में आयोजित इस कार्यक्रम में विविध गतिविधियों के माध्यम से महिलाओं ने सावन झूले का आनंद लिया। तो वही उनके बीच भजन, गाना, डांस एवं खेल आदि विविध प्रतियोगिता भी रखी गई। इस आयोजन में,मिस हरियाली सोनकली पटेल,मिस मैचिंग श्रीमती पदमनी साहू रही , इसके सहित अन्य पुरस्कार दिए गए। खासतौर से झूला तैयार किया गया था। जिसके चारों ओर परिक्रमा करते हुए गानों पर महिलाओं ने डांस किया। दिल से बंधी एक डोरी,जो दिल तक जाती है,,,, गाने और विभिन्न अन्य गानों पर जमकर झुमी ।

महिलाएं हरी-भरी साड़ियों के अलावा खास तरह से श्रृंगार किया था। सबने मिलकर खेल खेले और अपने जीवन का आनंद उठाया।सब अपने बचपन के टायलेट को भूल चुके थे उसे पुनः याद कर सब का मन हर्षित हुआ, अभिप्रेरणा गुप की महिलाओं का मानना है कि हर महिला अपनी जवाबदारियों में उलझी रहती हैं ऐसे आयोजन में शामिल हो कर कुछ पल अपने लिए तो जीती है, इस दौरान आयोजन में प्रमुख रूप से अभिप्रेरणा गुप की कादम्बिनी यादव,गायत्री साहू, राजेश्वरी तिवारी तुलसी डोंगरे,शिव श्रीवास्तव , हर्षिता महिलांग, सीमा गुप्ता, डाली साहू ,पदमनी साहू, मीना सोनी, कालीन यादव, सोनकली पटेल ,भारती सहारे, लोशिका, अर्चना ताम्रकार, नीलम रावटे,कमला वर्मा, टोमिन साहू , शामिल हुए।
