गुरुर | शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला कनेरी, संकुल केंद्र कनेरी में “एक पेड़ मां के नाम” महा अभियान कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती एवं छत्तीसगढ़ महतारी के चरण कमल में पूजन वंदन कर किया गया. कार्यक्रम के मुख्य अतिथि के रूप में श्रीमती दिनेश्वरी सिन्हा सरपंच थी. श्रीमती जयंती सिन्हा अध्यक्ष एसएमसी कनेरी ने अपने उद्बोधन में कहा प्रकृति में संतुलन बनाए रखने के लिए तथा अपने आस-पास के वातावरण को स्वच्छ बनाए रखने के लिए पेड़-पौधे लगाना बहुत जरूरी है। पेड़-पौधों के माध्यम से प्रकृति सभी प्राणियों पर अनंत उपकार करती है। पेड़-पौधे हमें छाया प्रदान करते हैं। फल- -फूलों की प्राप्ति भी हमें पेड़-पौधों से ही होती है। पेड़-पौधों से हमें ऑक्सीजन की प्राप्ति होती है, जो हमें जीवित रखने के लिए बहुत आवश्यक है। कार्यक्रम में उपस्थित संकुल शैक्षिक समन्वयक कृष्ण कुमार साहू ने कहा कि ‘‘एक पेड़ मां के नाम‘‘ महावृक्षारोपण अभियान का मुख्य उद्देश्य अधिक-से-अधिक पौधा रोपित कर सभी जगह को हरा-भरा बनाकर पर्यावरण संतुलन बनाये रखना है यह पौधे लगाने का महाअभियान चल रहा है उन्होंने कहा कि हमें जीवन देने वाली मां का सम्मान करना और प्रकृति के प्रति सम्मान व्यक्त करते हुए धरती को हरा-भरा बनाने का संकल्प पूरा करना हमारा कर्तव्य है।

इकोक्लब प्रभारी सुश्री हेमलता साहू ने कहा कि पेड़-पौधे हमारे पर्यावरण को भी सुरक्षित रखते हैं, अतः हमें पेड़-पौधे नहीं काटने चाहिए। आज हम अपने लालच के लिए पेड़-पौधे काटकर अपने पर्यावरण को बहुत नुकसान पहुँचा रहे हैं। इससे पशु पक्षियों के घर उजड़ रहे हैं। तथा वातावरण भी दूषित हो रहा है। वृक्ष काटने से ही बाढ़, भूमि-स्खलन आदि होते हैं।इसीलिए वृक्षारोपण करना आवश्यक है इसके बहुत सारे लाभ हमारे जीवन में होते हैं। इको क्लब अंतर्गत उत्कृष्ट कार्य करने वाले सफाई कर्मचारी युगल किशोर सिन्हा एवं विद्यालय के होनहार विद्यार्थियों का शाला परिवार के द्वारा सम्मान किया गया। विद्यालय के संस्था प्रमुख श्री नंदकुमार निषाद के द्वारा पर्यावरण संरक्षण हेतु सभी बच्चों को प्रेरित किया गया एवं सुरक्षा के लिए सभी को शपथ दिलाया गया। इस कार्यक्रम में शाला प्रबंधन समिति के सदस्य एवं ग्रामीण जन गिरधर सिन्हा, हेमंत साहू, रामेश्वर दास मानिकपुरी, ज्योति साहू, सीता निर्मलकर, लक्ष्मी साहू, महिला स्व सहायता समूह से रामेश्वरी मानिकपुरी उर्वशी नेताम, शिक्षक चलेश कुमार साहू, भागवत प्रसाद ठाकुर, नारायणी पटेल बाल संसद एवं शाला के सभी बच्चों का योगदान बहुत ही सराहनीय रहा, संचालन देवेन्द्र कुमार साहू एवं आभार श्रीमती इंद्राणी साहू ने किया।
