बालोद। किरण कुमार जांगड़े, विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो) बालोद (छ.ग.) के द्वारा सुरेश कुमार उईके निवासी-नवागढ़, थाना-सिकसोड़, जिला-कांकेर (छ.ग.) को भा.द.वि. की धारा 363 के आरोप में तीन वर्ष का सश्रम कारावास व 2000/- रू० अर्थदण्ड, लैंगिक अपराध की धारा 6 के आरोप में 20 वर्ष का सश्रम कारावास व 3000/- रू० अर्थदण्ड से दण्डित किया गया। व्यतिक्रम पर एक-एक वर्ष का अतिरिक्त सश्रम कारावास से दण्डित किया गया। प्रकरण का संक्षिप्त विवरण छन्नू लाल साहू, विशेष लोक अभियोजक (पॉक्सो) के अनुसार दिनांक 06 अगस्त 2021 को पीड़िता के पिता थाना मंगचुवा में उपस्थित होकर मौखित रिपोर्ट किया कि उसकी नाबालिग पुत्री दिनांक 01.08.2021 की रात्रि लगभग 10:00 बजे घर से बिना किसी को बताये कहीं चलीं गयी है, जिसकी सूचना पर थाना मंगचुवा द्वारा गुम इंसान क्रमांक 07/2021 कायम किया गया। गुम इंसान नाबालिग होने से धारा 363 भा.दं.सं. का अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया। विवेचना के दौरान सूचना मिलने पर कि ग्राम नवागढ़ थाना सिकसोड, जिला कांकेर में आरोपी सुरेश कुमार उईके पीड़िता को भगाकर अपने घर में लाकर रखा है। पुलिस वाले द्वारा पीड़िता को आरोपी के कब्जे से बरामद कर थाना लाया गया, जहां महिला विवेचक से पीड़िता की कथन कराने पर बतायी कि जब माह मार्च 2020 में लॉकडाऊन हो गया था तब हास्टल से अपने घर चली गई । दिनांक 30.04.2020 को असाईमेंट जमा करने के लिए अपने स्कूल डौण्डीलोहारा गयी थी। उसी दौरान सुरेश कुमार उईके से मुलाकात हुई जो बस स्टैण्ड में प्रपोज किया कि मैं तुमको बहुत पसंद करता हूँ और शादी करना चाहता हूँ कहकर उसने मोबाईल नंबर मांगा। दोनों में फोन से बातचीत होती थी। दिनांक 02.05.2020 को फोन करके बस स्टैण्ड डौण्डीलोहारा में मिलने के लिए बुलाया, जहां मिलने पर अपने मोटरसायकल में बिठाकर नाला ब्रिज के तरफ ले गया और जबरदस्ती दुष्कर्म किया। दिनांक 03.08.2021 को बस स्टैण्ड डौण्डीलोहारा में मिलने के लिये बुलाया और मोटरसायकल में बिठाकर कांकेर नवागढ़ ले गया, जहां जबरदस्ती दुष्कर्म किया। पीड़िता के पिता के रिपोर्ट के आधार पर उ.नि. दिलीप नारायण के द्वारा अभियुक्त के खिलाफ अपराध क्र० 39/2021 अंतर्गत संहिता की धारा 363, 366, 376 एवं लैंगिक अपराध की धारा 5 (ठ), 6 का अपराध पंजीबद्ध किया गया। तत्पश्चात् संपूर्ण विवेचना उपरांत अभियुक्त के खिलाफ अपराध पाये जाने पर आरोपी के विरूद्ध अभियोग पत्र विचारण न्यायालय में दिनांक 24.08.2021 को प्रस्तुत किया गया। पीड़िता प्रकरण की विवेचना निरीक्षक-पद्मा जगत व उपनिरीक्षक दिलीप नारायण के द्वारा किया गया। न्यायालय द्वारा प्रकरण में आये साक्ष्य के आधार पर आरोपी को उक्त दण्ड से दण्डित किया गया।
नाबालिग के साथ बलात्कार करने पर 20 वर्ष का कारावास
