ये भी हैं धरती के भगवान-108 कर्मचारियों की सूझबूझ से बच गई जच्चा-बच्चा की जान, जिसे अस्पताल प्रबंधन कर चुका था रिफर, रास्ते में हो गया प्रसव,
सुप्रीत शर्मा/कमलेश वाधवानी, बालोद। संजीवनी 108 लोगों की जान तो बचाती ही है। खासतौर से गर्भवती महिलाओं के लिए भी यह एक वरदान से कम नहीं है। जब उन्हें एक…
