डौंडीलोहारा- शासकीय प्राथमिक शाला सेम्हरडीह में माता उन्मुखीकरण कार्यक्रम के अंतर्गत स्कूल रेडीनेस “अंगना मा शिक्षा-एक नई पहल “का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम मुख्यतः तीन से सात वर्ष के बच्चों की माताओं के लिए रखा गया था। जिसमें वजन और ऊंचाई मापकर माताओं को स्वयं अपने बच्चों का विभिन्न माध्यमों से आकलन करना तथा घर पर ही खेल -खेल में या काम करते -करते उपलब्ध संसाधनों और किस्से कहानियों से ही बच्चों के मानसिक विकास में वृद्धि के लिए प्रयास करना है। जैसे -अपना और परिवार का परिचय, रंगों की पहचान, सब्जियों और फलों का नाम,रंगों का संयोजन, पशु पक्षियों की जानकारी, चित्रों पर बात करना आदि शामिल है।

कार्यक्रम चूंकि माताओं का था इसलिए अधिक से अधिक उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिए रविवार के दिन काम बंद होने के कारण रखा गया था। जिससे माताओं की उपस्थिति शतप्रतिशत रही। इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पदमा जगत निरीक्षक, महिला सेल व अजाक थाना बालोद अपरिहार्य कारणों से नहीं आ पाई। जिनके स्थान पर सुश्री एनुका शार्वां व्याख्याता शा क.उ.मा.वि.डौडीलोहारा ने मुख्य अतिथि के रूप में छत्तीसगढ़ी में अपना सारगर्भित उद्बोधन मे अंगना म शिक्षा और नई शिक्षा नीति पर चर्चा करते शिक्षा और संस्कार की कड़ी को जोड़कर माताओं की भूमिका पर प्रकाश डाला।

विशेष अतिथि बसंती पिकेश्वर मास्टर ट्रेनर ने अंगना में शिक्षा कार्यक्रम का उद्देश्य और लाभ पर विस्तारपूर्वक चर्चा किया। इसी प्रकार अध्यक्षता कर रहे सरपंच भगवती बाई पिस्दा ने इसे शिक्षा का एक अनिवार्य हिस्सा बताते हुए माताओं से अपील किया कि बच्चों को अपना समय दें। विशेष अतिथि ग्राम पटेल चंद्रहास भुआर्य, उपसरपंच कोमेश्वर कोरटिया,मध्यान्ह भोजन संचालन समूह की अध्यक्ष संगीता प्रीतम ने भी अपने अपने विचार व्यक्त किए। सभी अतिथियों का अभिनंदन पत्र से सम्मान किया गया।

शाला के बच्चों द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किया गया। कार्यक्रम का संयोजन और संचालन शिक्षक खेमंत साहू ने और आभार प्रधानपाठक प्रदीप साहू ने किया। कार्यक्रम को सफल बनाने में हिमेश्वरी नायक शिक्षिका,सोमा भुआर्य, कांति प्रीतम आंगनबाड़ी कार्यकर्ता,मुकेश यादव शाला प्रबंधन समिति अध्यक्ष,भूपेश साहू,दिलीप प्रीतम,दाऊलाल, श्रीमतीअश्वनीठाकुर,कौशिल्या प्रीतम, पेमिन साहू पंच,अश्वनी निषाद पंच,लोमिन बाई,सोहद्रा बाई,ममता रात्रे,दीनदयाल निषाद,धनराज, छोटेलाल, गजाधर, सरोज बाई, डिकेश्वरी,देवप्रसाद, गजेंद्र,ग्राम पंचायत सेम्हरडीह और समस्त ग्रामवासियों का सहयोग रहा।
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