बालोद न्यायालय का फैसला, सिर पर प्राणघातक वार से हुई थी महिला की मौत
बालोद। घरेलू विवाद के चलते पत्नी की कुल्हाड़ी मारकर हत्या करने वाले आरोपी पति को बालोद न्यायालय ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। यह फैसला माननीय एस.एल. नवरत्न, प्रधान सत्र न्यायाधीश, बालोद द्वारा 8 मई 2026 को सुनाया गया।
न्यायालय ने आरोपी केवलचंद साहू, पिता जयराम साहू, उम्र 38 वर्ष, निवासी ग्राम सांगली, चौकी कंवर, थाना गुरूर, जिला बालोद को भारतीय न्याय संहिता की धारा 103 के तहत दोषी पाते हुए आजीवन कारावास एवं 200 रुपए अर्थदंड से दंडित किया है।
तड़के कुल्हाड़ी से किया था हमला
अभियोजन पक्ष की ओर से प्रकरण की पैरवी लोक अभियोजक तोमन लाल साहू द्वारा की गई। अभियोजन के अनुसार 3 जनवरी 2025 की सुबह करीब 4:45 बजे आरोपी केवलचंद साहू अपनी पत्नी ईश्वरी बाई साहू पर कुल्हाड़ी से प्राणघातक हमला कर रहा था।
घटना के दौरान ईश्वरी बाई की “बचाओ-बचाओ” की आवाज सुनकर परिजन जाग गए। जब वे कमरे की ओर पहुंचे तो देखा कि आरोपी केवलचंद साहू हाथ में खून से सनी कुल्हाड़ी लेकर कमरे से बाहर निकल रहा था, जबकि ईश्वरी बाई लहूलुहान हालत में जमीन पर पड़ी थी।
इलाज के दौरान हुई मौत
घटना के बाद प्रार्थी रविकांत साहू घायल ईश्वरी बाई को गांव के निजी वाहन से इलाज के लिए जिला अस्पताल धमतरी लेकर गया, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई।
इसके बाद पुलिस सहायता केंद्र सिटी कोतवाली धमतरी में शव का पंचनामा तैयार कर पोस्टमार्टम कराया गया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में डॉक्टर ने महिला के सिर में गंभीर चोट, अत्यधिक रक्तस्राव एवं शॉक के कारण मृत्यु होना बताया।
थाना गुरूर में दर्ज हुआ हत्या का मामला
मामले में प्रारंभिक मर्ग कायम होने के बाद केस डायरी चौकी कंवर भेजी गई। बाद में थाना गुरूर में अपराध क्रमांक 07/2025 दर्ज कर भारतीय न्याय संहिता की धारा 103 के तहत हत्या का मामला कायम किया गया।
प्रकरण की विवेचना निरीक्षक टी.एस. पट्टावी द्वारा की गई। सम्पूर्ण विवेचना के बाद आरोपी के खिलाफ न्यायालय में अभियोग पत्र प्रस्तुत किया गया।
ठोस साक्ष्यों के आधार पर सुनाई सजा
माननीय न्यायालय ने प्रकरण में प्रस्तुत मजबूत एवं ठोस साक्ष्यों के आधार पर आरोपी केवलचंद साहू को दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई।
