बालोद। किरण कुमार जांगड़े, विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो) बालोद (छ.ग.) के द्वारा आरोपी नितेश कुमार साहू आ० बिरेन्द्र साहू, उम्र 23 वर्ष, साकिन-भोईनापार, थाना-बालोद, जिला-बालोद (छ.ग.) को भा.द.वि. की धारा 366 के आरोप में पांच वर्ष का सश्रम कारावास व 2000/- रू० अर्थदण्ड लैंगिक अपराध की धारा 6 के आरोप में बीस वर्ष का सश्रम कारावास व 2000/- रू० अर्थदण्ड से दण्डित किया गया तथा अनुसूचित जाति/जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम 1989 की धारा 3 (2) (V) के आरोप में आजीवन कारावास व 1000/- रू० अर्थदण्ड। व्यतिक्रम पर एक-एक-एक वर्ष का अतिरिक्त सश्रम कारावास से दण्डित किया गया। सी.एल. साहू, विशेष लोक अभियोजक (पॉक्सो) के अनुसार दिनांक 13.05.2020 को पीड़िता थाना बालोद में उपस्थित होकर रिपोर्ट दर्ज करायी कि वह कक्षा 11 वीं में पढ़ती है। वर्ष 2019 में गांव का नितेश कुमार साहू से जान-पहचान हुई, जिसने प्रपोज किया कि मैं तुमसे प्यार करता हूँ और करूंगा, तुम अपने घर वालों को शादी के लिये मना लेना, मैं भी अपने घर वालों को मना लुगा। फिर दोनों में बातचीत होने लगा। माह सितम्बर 2019 में जब पीड़िता के घर कोई नहीं थे तब पहली बार शादी का प्रलोभन देकर शारीरिक संबंध बनाया। दूसरी बार आरोपी अपने घर में ले जाकर शारीरिक संबंध बनाया। उसके बाद दिनांक 13.02.2020 को तीसरी बार शादी का प्रलोभन देकर शारीरिक संबंध बनाया हैं। फिर दिनांक 12.05.2020 को आरोपी पीड़िता के साथ शादी करने से इंकार कर दिया। इस प्रकार आरोपी द्वारा पीड़िता को अनुसूचित जाति/जनजाति का होना जानते हुए उसके साथ लगातार कई बार शारीरिक संबंध स्थापित किया और शादी करने से इंकार कर दिया। पीड़िता की रिपोर्ट के पर थाना बालोद में उपनिरीक्षक शोभा यादव के द्वारा आरोपी नितेश कुमार साहू के खिलाफ अपराध विभिन्न धाराओं के तहत् प्रस्तुत किया गया। तत्पश्चात् संपूर्ण विवेचना उपरांत अभियुक्त के खिलाफ अपराध पाये जाने पर आरोपी के विरूद्ध अभियोग पत्र विचारण न्यायालय में दिनांक 08. 06.2020 को प्रस्तुत किया गया। पीड़िता प्रकरण की विवेचना अनुविभागीय अधिकारी पुलिस-अमर एन सिदार के द्वारा किया गया। न्यायालय द्वारा प्रकरण में आये साक्ष्य के आधार पर आरोपी को उक्त दण्ड से दण्डित किया गया।
नाबालिग को शादी का प्रलोभन देकर किया दुष्कर्म, आरोपी को मिला आजीवन कारावास
