बालोद। मुकेश कुमार पात्रे, विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो) बालोद (छ.ग.) के द्वारा आरोपी धीरज कुमार राठौर पिता स्व. लखन लाल राठौर, उम्र 35 वर्ष, निवासी खमरिया (मउमलदा), थाना नांदघाट, जिला बेमेतरा (छ.ग.) को भा.द.वि. की धारा 376 व संरक्षण अधिनियम की धारा 4 के आरोप में दस वर्ष का सश्रम कारावास व 2,000/- रूपये अर्थदण्ड से दण्डित किया गया।
प्रकरण का संक्षिप्त विवरण छन्नू लाल साहू विशेष लोक अभियोजक (पॉक्सो) के अनुसार पीड़िता के दादा द्वारा दिनांक 06 जनवरी 2021 को थाना डौण्डीलोहारा आकर रिपोर्ट लिखाया, कि दिनांक 03 दिसंबर 2020 के 12:00 बजे किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा अपने विधिपूर्ण संरक्षण से अपहरण कर भगा ले जाने की प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज कराया। सहायक उप निरीक्षक गौकरण भंडारी के द्वारा पीड़िता के दादा के कहे अनुसार अभियुक्त अज्ञात आरोपी के खिलाफ अपराध क्र० 06/2021 अंतर्गत संहिता की धारा 363 के तहत प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज किया गया। विवेचना के दौरान पीड़िता की मोबाईल लोकेशन के आधार पर पीड़िता को आरोपी के कब्जे से पीड़िता को बरामद किया गया। पीडिता का कथन लेने पर बतायी कि दिनांक 01.04.2020 को अपने सहेली के पास फोन लगा रही थी तब गलती से आरोपी के पास लग गया। आरोपी शादीशुदा होकर अपनी पत्नी से 02 साल से अलग रह रहा था। आरोपी पीड़िता को शादी करने का झांसा देकर रायपुर सड्डू कचना जहां बिल्डिंग बनाने झडिया मिस्त्री का काम कर रहा था लाकर दिनांक 30.12.2020 से 12.01.2021 के सुबह 10:00 बजे तक अपने किराये के मकान में रखा था। इस दौरान आरोपी पीडिता के साथ कई बार जबरदस्ती दुष्कर्म किया था। तत्पश्चात् संपूर्ण विवेचना उपरांत अभियुक्त के खिलाफ अपराध पाये जाने पर आरोपी के विरूद्ध धारा के अंतर्गत अभियोग पत्र विचारण न्यायालय में दिनांक 16.02.2021 को प्रस्तुत किया गया। प्रकरण की विवेचना उप निरीक्षक चंद्रहास नागे व निरीक्षक पदमा जगत द्वारा किया गया। न्यायालय में आये साक्ष्य के आधार पर आरोपी को उक्त दण्ड से दण्डित किया गया।
नाबालिग के साथ शादी का झांसा देकर दुष्कर्म, रॉन्ग नंबर से हुई थी पहचान, शादीशुदा व्यक्ति को मिला दस वर्ष का कारावास
