बालोद(छग)…. बालोद जिले के बालोद ब्लॉक के ग्राम डेंगरापार में हृदय विदारक घटना सामने आई है। 22 मई को हुए सड़क हादसे के बाद इस परिवार के चार सदस्य एक-एक करके मौत के मुंह में समा गए। 5 दिन के भीतर परिवार के 4 – 4 सदस्य चल बसे। किसी ने नहीं सोचा था कि इतनी बड़ी त्रासदी उस परिवार में आ जाएगी। इस घटना से पूरे गांव में मातम है। लोग स्तब्ध है कि यह क्या हो गया? बीते बुधवार को ग्राम डेंगरापार निवासी गीताबाई कोठारी की रायपुर के एक अस्पताल में मौत हो गई। जो 5 दिन पहले कुसुमकसा में सड़क हादसे के बाद 22 मई से जिंदगी और मौत के बीच जूझ रही थी। इसके पहले गीता के पति खुमन व जुड़वा बेटियों पूर्वी व पुर्विका की मौत हुई थी। पुलिस के मुताबिक हादसे में खुमन लाल कोठारी (35), उनकी पत्नी गीता कोठारी (32) व 6 साल की बेटी पूर्वी व पुरविका की मौत हुई। ग्रामीणों के अनुसार परिवार में अब बड़ी बेटी रेणुका व मंझली बेटी डिंपल ही बची है। खुमन के पिता झाडूराम अलग घर में रहते हैं। वहीं खुम्मन अपनी पत्नी व बच्चों के साथ अलग घर में निवासरत थे। 22 मई की शाम 7 बजे बालोद- दल्ली राजहरा मुख्य मार्ग पर कुसुमकसा के पास कार के चालक ने बाइक में सवार एक ही परिवार के चार लोगों को टक्कर मारी थी। सरपंच मिथलेश्वरी भुआर्य ने बताया कि गांव में मातम पसरा है।
दल्ली थाने में कार चालक के खिलाफ अपराध हुआ है दर्ज

मृतक के भतीजा मानूराम की रिपोर्ट पर दल्लीराजहरा थाने में कार क्रमांक सीजी 04 सीजेड 8100 के चालक के खिलाफ धारा 304 ए, 279, 337 के तहत अपराध दर्ज किया गया है। मानूराम के अनुसार चाचा, चाची व बच्चे शाम 5 बजे करीब ग्राम डेंगरापार से निकले थे।

जानकी पेट्रोल पंप और करियाटोला नाला के मध्य मेन रोड कुसुमकसा में एक्सीडेंट होने की सूचना मिली। चाचा की घटना स्थल पर ही मौत हो गई थी।
