“बिजली नहीं, फिर भारी बिल क्यों?” — जनता की परेशानी को लेकर कांग्रेस नेताओं ने विद्युत विभाग को घेरा
बालोद। भीषण गर्मी के बीच बालोद नगर में लगातार हो रही अघोषित बिजली कटौती ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। दिन हो या रात, शहर के कई वार्डों में बार-बार बिजली बंद होने से आम जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। गर्मी से परेशान लोग जहां राहत के लिए बिजली पर निर्भर हैं, वहीं लगातार हो रही कटौती ने नागरिकों का धैर्य जवाब देना शुरू कर दिया है।
व्यापार, पढ़ाई और पेयजल व्यवस्था पर असर
नगर में घंटों बिजली गुल रहने से व्यापारिक गतिविधियां प्रभावित हो रही हैं। विद्यार्थियों की पढ़ाई बाधित हो रही है, घरेलू कामकाज प्रभावित हो रहे हैं और कई इलाकों में पेयजल संकट जैसी स्थिति भी बनने लगी है। सबसे ज्यादा परेशानी बुजुर्गों, छोटे बच्चों और मरीजों को झेलनी पड़ रही है।
कांग्रेस नेताओं ने उठाए सवाल
इसी मुद्दे को लेकर नेता प्रतिपक्ष नगर पालिका बालोद कसीमुद्दीन कुरैशी, जिला कांग्रेस कमेटी बालोद के सचिव अश्वनी गौतम तथा अल्पसंख्यक विभाग छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के सचिव शेख मतीन ने विद्युत विभाग की कार्यप्रणाली पर कड़ा विरोध जताया है।
कांग्रेस नेताओं ने संयुक्त बयान जारी करते हुए कहा कि बालोद नगर की जनता पिछले कई दिनों से अघोषित बिजली कटौती की समस्या से जूझ रही है। बिना किसी पूर्व सूचना के बार-बार बिजली बंद कर दी जाती है, जिससे आम लोगों को भारी परेशानी उठानी पड़ रही है। नेताओं ने कहा कि छोटे व्यापारी, विद्यार्थी और नौकरीपेशा लोग सबसे अधिक प्रभावित हो रहे हैं।
“भारी बिल, लेकिन सुविधा नहीं”
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि एक ओर जनता को भारी-भरकम बिजली बिल भेजे जा रहे हैं, वहीं दूसरी ओर नियमित बिजली आपूर्ति तक सुनिश्चित नहीं हो पा रही है। उन्होंने इसे आम नागरिकों के साथ अन्याय बताया।
नेताओं के अनुसार विद्युत विभाग की लापरवाही और अव्यवस्थित व्यवस्था के कारण लोगों में लगातार नाराजगी बढ़ रही है। गर्मी के इस मौसम में बिजली कटौती से लोगों का घरों में रहना मुश्किल हो गया है।
रातभर बिजली गुल रहने से बढ़ी परेशानी
शहर के कई इलाकों में रात के समय भी बिजली कटने की शिकायतें सामने आ रही हैं। इससे लोगों की नींद प्रभावित हो रही है और इनवर्टर तथा पानी सप्लाई व्यवस्था पर भी असर पड़ रहा है।
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि लगातार बिजली बंद रहने से पेयजल संकट की स्थिति भी बनने लगी है, क्योंकि कई मोहल्लों में पानी की मोटरें बिजली पर निर्भर हैं।
आंदोलन की चेतावनी
कांग्रेस नेताओं ने प्रशासन और विद्युत विभाग को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि जल्द ही बिजली व्यवस्था में सुधार नहीं किया गया और अघोषित कटौती बंद नहीं हुई, तो कांग्रेस पार्टी जनता के साथ मिलकर उग्र आंदोलन करेगी।
उन्होंने मांग की कि बालोद नगर की बिजली व्यवस्था तत्काल दुरुस्त की जाए और नागरिकों को राहत प्रदान की जाए।
जनता को अब राहत का इंतजार
लगातार बढ़ते तापमान के बीच बिजली संकट ने आम लोगों की परेशानियों को और बढ़ा दिया है। लोगों का कहना है कि भीषण गर्मी में बिजली कटौती ने जीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है।
अब नागरिकों की नजर प्रशासन और विद्युत विभाग की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई है कि आखिर कब बालोदवासियों को इस अघोषित बिजली संकट से राहत मिलेगी।
