पूरा देश छत्तीसगढ़ को बूढ़ादेव के नाम से जानेगा – अमित बघेल
बालोद। शनिवार को छत्तीसगढ़िया क्रान्ति सेना के प्रदेशाध्यक्ष अमित बघेल 18 अप्रैल को रायपुर में आयोजित बूढ़ादेव यात्रा के आयोजन को लेकर बालोद जिला के एक दिवसीय दौरे पर रहे। सुबह 11.30 बजे गंजपारा गोंडवाना शक्तिपीठ में कोर कमेटी व जिला के पदाधिकारियों की बैठक ली गई। बैठक में प्रदेशाध्यक्ष श्री बघेल ने बताया कि अब पूरे देश में छत्तीसगढ़ को बूढ़ादेव के नाम से जाना जाएगा। सभी जिलों से बूढ़ादेव रथ निकलेगा। जो हर गांव के देवस्थल से ग्राम प्रमुख के द्वारा एक चुटकी पावन मिट्टी लेकर रायपुर बूढ़ादेव तरिया पहुंचेगी। जहां भव्य पूजापाठ के साथ बूढ़ादेव चौरा का निर्माण किया जाएगा।
हमारे मूल देवी-देवता को सहेजने की जिम्मेदारी भी हमारी है – श्री बघेल

प्रदेशाध्यक्ष अमित बघेल ने कहा कि बूढ़ादेव सिर्फ आदिवासी समाज के देवता हैं ऐसा कहकर छत्तीसगढ़िया समाज को तोड़ने का षड्यंत्र किया जा रहा है। लेकिन वास्तविकता में छत्तीसगढ़िया समाज में अपने पुरखा देवता को ही बूढ़ादेव के रूप में माना गया है। सर्व छत्तीसगढ़िया समाज में हमारे कुलदेवता, मुलदेवता को छोड़ कर अन्य प्रदेश और दूसरे देश के देवी-देवताओं को स्थापित कर छत्तीसगढ़ की संस्कृति को खत्म किया जा रहा है। हमारे देवी-देवता के नाम के साथ खिलवाड़ हो रहा है। बूढ़ादेव तालाब, शीतला माता तालाब के नाम को बदल दिया गया। लेकिन अब इन्हें पुनः सहेजेंगे। अब छत्तीसगढ़ में कहीं भी हमारे देवी-देवता और पुरखा के सम्मान के साथ खिलवाड़ हुआ तो अंजाम बहुत बुरा होगा।
छत्तीसगढ़िया क्रान्ति सेना के सेनानी हर जिले से निकालेंगे बूढ़ादेव रथ, 18 अप्रैल को रायपुर में होगा भव्य कार्यक्रम, तैयारी हेतु बालोद में हुई बैठक
छत्तीसगढ़िया क्रान्ति सेना के प्रदेश उपाध्यक्ष डॉ. अजय यादव ने कहा कि धार्मिक क्षेत्र में भी आउटसोर्सिंग बढ़ता चला जा रहा है। छत्तीसगढ़ के युवाओं को एक विशेष धर्म का तमगा पहना कर राजनीतिक रोटी सेंकने का काम किया जा रहा है। अगर उन युवाओं से पूछा जाए कि आपका मूल देवता या कुल देवता के बारे में बताए तो शायद कुछ कह ही नहीं पाए। यह इसलिए क्योंकि उन्हें समाज से ही दूर कर दिया जा रहा। तीज-तिहार, हमारी संस्कृति से दूर कर दिया जा रहा है। छत्तीसगढ़ में परप्रान्तीय संस्कृति हावी हो रहा है। इसलिए छत्तीसगढ़ में छत्तीसगढ़ के मूल देवी-देवताओं के प्रचार-प्रसार और अपनी संस्कृति को सहेजने बूढ़ादेव यात्रा का आगाज किया गया है।
18 अप्रैल छत्तीसगढ़िया समाज के लिए होगा बड़ा त्योहार – यशवंत वर्मा
बैठक में छत्तीसगढ़िया क्रान्ति सेना के प्रदेश संयोजक यशवंत वर्मा ने बताया कि 18 अप्रैल को पूरे छत्तीसगढ़ में सबसे बड़ा त्योहार मनाया जाएगा। क्योंकि छत्तीसगढ़ के हजारों पावन देवस्थल के सोनहा माटी और पुरखा देवता के आशीर्वाद लेकर छत्तीसगढ़िया क्रान्ति सेना रायपुर पहुंचेगी। जहां प्रमुख आयोजन होगा। यह एतिहासिक दिन और बड़ा त्योहार होगा। इस दौरान प्रदेश आईटी सेल प्रभारी देवेंद्र नेताम, जिला संयोजक शशिभूषण चंद्राकर, चंद्रभान साहू, देवेंद्र साहू, ललित कावरे, प्रेम साहू, सुभाष साहू, भगवान दास साहू, प्रकाश निषाद, झम्मन हिरवानी, केदार साहू, राजू साहू, दानी साहू, टेकराम साहू, नरेन्द्र साहू, इमेश साहू, जय साहू, शिव पटेल, दीपक यादव उपस्थित थे।
