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गुरूर में शहीद वीरनारायण सिंह का आदमकद प्रतिमा का लोकार्पण एवं आदिवासी सामुदायिक भवन का किया गया भूमिपूजन, पहुंचे थे आबकारी मंत्री 

गुरूर/ बालोद | प्रदेश के वाणिज्य कर, आबकारी एंव उद्योग मंत्री श्री कवासी लखमा ने कहा कि शहीद वीर नारायण सिंह का राष्ट्र व समाज के प्रति योगदान अतुलनीय है। उन्होंने कहा कि वे एक सच्चे देशभक्त एवं गरीबों के मसीहा थे। श्री लखमा रविवार 11 जून को विकासखंड मुख्यालय गुरूर में आयोजित शहीद वीर नारायण सिंह के प्रतिमा के लोकार्पण एवं भूमिपूजन कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। वे कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थे। कार्यक्रम की अध्यक्षता गोंडवाना समाज के तहसील अध्यक्ष श्रीमती उत्तरा मरकाम ने की। इस अवसर पर संसदीय सचिव श्री शिशुपाल सोरी, जनपद अध्यक्ष गुरुर श्री प्रभात धुर्वे सहित अन्य अतिथि एवं सामाजिक पदाधिकारी मौजूद थे। इस दौरान मंत्री श्री लखमा एवं अतिथियों ने विकासखंड मुख्यालय गुरुर में शहीद वीरनारायण सिंह के आदमकद प्रतिमा का लोकार्पण तथा 50 लाख रुपये की लागत से बनने वाली आदिवासी सामुदायिक भवन का भूमिपूजन किया।


     कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री श्री लखमा ने कहा कि शहीद वीरनारायण सिंह की अदम्य वीरता एवं राष्ट्र भक्ति के साथ प्रजा वत्सल्यता अपने आप में अद्भूत एवं बेमिसाल है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के प्रथम स्वाधीनता संग्राम सेनानी होने के साथ-साथ जनता के सच्चे हितैषी एवं परोपकारी शासक थे। इस दौरान उन्होंने शहीद वीर नारायण सिंह के व्यक्तित्व एवं कृतित्व के संबंध में विस्तार से प्रकाश डाला। श्री लखमा ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल के घोषणा पर अमल करते हुए आज विकासखण्ड मुख्यालय गुरूर में 50 लाख रुपये लागत की सामाजिक भवन का आज भूमिपूजन किया जा रहा है। जिसका लाभ गुरूर एवं अंचल के समाज के लोगों को मिलेगा। इसके लिए उन्होंने समाज के लोगों को बधाई एवं शुभकामनाएं भी दी। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए संसदीय सचिव श्री शिशुपाल सोरी ने कहा कि आदिम संस्कृति छत्तीसगढ़ की पहचान है। श्री सोरी ने कहा कि आदिवासी समाज का स्वाधीनता आंदोलन में अत्यंत निर्णायक एवं उल्लेखनीय भूमिका रही है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल के छत्तीसगढ़ सरकार के द्वारा आदिवासी समाज की गौरवशाली विरासत भाषा, संस्कृति, रीति-रिवाज एवं परंपरा के संरक्षण एवं संवर्धन हेतु निरंतर कार्य किया जा रहा है। इसके अलावा जनजाति वर्गो के उत्थान हेतु राज्य में अनेक जनकल्याणकारी योजनाएं संचालित की जा रही है। कार्यक्रम को जनपद अध्यक्ष श्री प्रभात धुर्वे एवं अन्य अतिथियों ने भी संबोधित किया। इस अवसर पर आदिवासी समाज के प्रतिनिधियों के अलावा समाज के लोग एवं आम नागरिक उपस्थित थे।

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