बालोद | 20 मार्च 2026
प्रदेश में मौसम एक बार फिर करवट लेने जा रहा है। पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से मौसम में बदलाव के संकेत मिल रहे हैं, जिसका असर छत्तीसगढ़ सहित कई राज्यों में देखने को मिलेगा।
पश्चिमी विक्षोभ और सिस्टम का प्रभाव
मौसम विभाग के अनुसार, एक पश्चिमी विक्षोभ उत्तर पाकिस्तान से दक्षिण-पश्चिम मध्य प्रदेश तक सक्रिय है, जो पंजाब होते हुए 3.1 से 12.6 किलोमीटर ऊंचाई तक फैला हुआ है।
इसके साथ ही हरियाणा के ऊपर एक चक्रीय चक्रवाती परिसंचरण भी सक्रिय है, जो करीब 1.5 किलोमीटर ऊंचाई तक विस्तारित है।
वहीं, एक द्रोणिका उत्तर-पश्चिम मध्य प्रदेश से लेकर नागालैंड तक झारखंड, पश्चिम बंगाल और असम के रास्ते 0.9 किलोमीटर ऊंचाई तक फैली हुई है, जिससे मौसम में अस्थिरता बढ़ गई है।
छत्तीसगढ़ में कल बारिश के आसार
21 मार्च को प्रदेश के एक-दो स्थानों पर हल्की बारिश या गरज-चमक के साथ छींटे पड़ने की संभावना जताई गई है।
विशेष रूप से दक्षिण छत्तीसगढ़ में वर्षा का प्रभाव अधिक देखने को मिल सकता है।
अंधड़ और वज्रपात की चेतावनी
मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ तेज अंधड़ और वज्रपात (बिजली गिरने) की संभावना है, इसलिए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
तापमान में उतार-चढ़ाव
कल अधिकतम तापमान में गिरावट होने की संभावना है, जिससे मौसम थोड़ा ठंडा महसूस होगा।
हालांकि, इसके बाद अगले 4 दिनों में तापमान 4 से 5 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ सकता है, यानी गर्मी फिर से अपना असर दिखाएगी।
क्या रखें सावधानी
- खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों से दूर रहें
- आंधी-तूफान के समय पेड़ों और बिजली के खंभों से दूरी बनाएं
- किसानों को फसलों की सुरक्षा के लिए सतर्क रहने की सलाह
कुल मिलाकर, प्रदेश में अगले कुछ दिन मौसम का मिजाज बदलता रहेगा—कभी बारिश, कभी तेज हवा और फिर बढ़ती गर्मी का असर देखने को मिलेगा।
