बालोद। ग्राम जगन्नाथपुर में 500 रुपए का नकली नोट मिला है। एक हार्डवेयर व्यवसाई हेमशंकर देशमुख को किसी ग्राहक ने ₹500 का नकली नोट थमा दिया है। उन्हें भी इसकी जानकारी नहीं थी।

वे भी अनजाने में दूसरे ग्राहक को यह नोट दे चुके थे। जब उक्त ग्राहक पेट्रोल पंप पहुंचा तो फिर पेट्रोल पंप कर्मचारियों ने नोट की पहचान कर नकली बताते हुए उसे वापस किया। तब जाकर सच्चाई पता चली। जागरूक नागरिक का फर्ज निभाते हुए हार्डवेयर व्यवसाई हेमशंकर देशमुख ने Daily Balod News के जरिए नकली नोट से संबंधित जानकारी साझा करते हुए बताया कि देखने में यह हुबहू असली जैसा लग रहा है। लेकिन छूने से फर्क साफ पता चल रहा है। जल्दबाजी में वे नोट को पहचान नहीं पाए थे। साइज में असली नोट से यह थोड़ा सा छोटा है। वही महात्मा गांधी की फोटो बिना लाइट में देखें सामान्य तौर पर उभरा हुआ दिख रहा है। तो कोई चमकीली चीज चिपकाई गई है। कुल मिलाकर स्टेट कलर फोटोकॉपी के तौर पर इस नोट को तैयार किया गया है। जो पहले नजर में देखने से असली ही लग रहा है। कलर हल्का फीका है और मोटाई भी कम है। बाकी सभी डिजाइन असली की तरह हैं। ताकि किसी को एक नजर में शक ना हो। उन्होंने ग्राहकों से अपील की है की खास तौर से 500, 200 और 100 के नोट को बारीक से देखकर ही लेनदेन करें। हेमशंकर देशमुख ने बताया कि जगन्नाथपुर में नकली नोट का यह तीसरा मामला है। इसके पहले पेट्रोल पंप में भी ₹500 के नकली नोट मिल चुका है। तो वही एक अंडा रोल व्यवसाई फगेश्वर साहू के पास भी ₹100 का नकली नोट किसी ग्राहक के जरिए पहुंचा था। इसके पूर्व मालीघोरी के बाजार में भी ₹100 का नकली नोट मिल चुका है। लगातार इस तरह के नोट मिलने से यह आशंका है कि कोई गिरोह सक्रिय है। जो इस तरह इक्का दुक्का करके बाजार में नकली नोट खपा रही है। ग्राहक वास्तविकता से अनजान होने के चलते नकली नोट से ही लेनदेन कर रहे हैं। इससे उन्हें कभी भी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है। ऐसे में सावधान रहने की जरूरत है।
