बालोद। जिले में आंगनबाड़ी से प्राथमिक शाला तक बच्चों के सुगम ट्रांजिशन को आसान बनाने के लिए प्राथमिक शालाओं में ‘बाल मैत्री कार्यक्रम’ का आयोजन किया जा रहा है। यह पहल छोटे बच्चों को स्कूल के वातावरण से सहज रूप से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
04 से 06 वर्ष के बच्चों पर विशेष फोकस
इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य आंगनबाड़ी केंद्रों के 04 से 06 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों को प्राथमिक शाला के माहौल से परिचित कराना है, ताकि वे स्कूल जाने में झिझक महसूस न करें और आसानी से नए वातावरण में ढल सकें।
हर माह होगा स्कूल भ्रमण
कार्यक्रम के तहत प्रति माह एक निर्धारित दिवस पर बच्चों को नजदीकी प्राथमिक शाला का भ्रमण कराया जाएगा। इस दौरान बच्चे न केवल स्कूल परिसर को देखेंगे, बल्कि कक्षा पहली के शिक्षक और विद्यार्थियों से मिलकर संवाद भी करेंगे।
खेल-खेल में सीखने का माहौल
बच्चों के लिए बालगीत, कहानी सुनाना, सामूहिक खेल और रचनात्मक गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा, जिससे वातावरण पूरी तरह आनंदमयी और रोचक बन सके।
खेल-आधारित सीखने की यह प्रक्रिया बच्चों के मानसिक विकास में सहायक होगी।
आत्मविश्वास और सामाजिक विकास पर जोर
इस पहल से बच्चों में मित्रता, आपसी सहयोग और समझ विकसित होगी, साथ ही उनका आत्मविश्वास भी बढ़ेगा।
बच्चे स्कूल को एक सुरक्षित, सुखद और अपनापन देने वाला स्थान मानने लगेंगे, जो उनके भविष्य के शैक्षणिक जीवन की मजबूत नींव रखेगा।
शिक्षा की मजबूत नींव की दिशा में पहल
जिला प्रशासन और संबंधित विभागों की यह पहल प्रारंभिक शिक्षा को सशक्त बनाने और ड्रॉपआउट की संभावना कम करने में अहम भूमिका निभाएगी।
