बालोद। बांग्लादेश में एक हिंदू युवक की कथित नृशंस हत्या की घटना को लेकर देशभर में आक्रोश देखा जा रहा है। इसी क्रम में छत्तीसगढ़ के बालोद जिले में विश्व हिंदू परिषद एवं बजरंग दल के कार्यकर्ताओं द्वारा विरोध प्रदर्शन किया गया। इस घटना को मानवता को झकझोर देने वाला बताते हुए संगठन ने बांग्लादेश सरकार के खिलाफ कड़ा रोष व्यक्त किया। बालोद नगर में आयोजित इस विरोध प्रदर्शन में बजरंग दल के कार्यकर्ता बड़ी संख्या में एकत्रित हुए। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने बांग्लादेश के प्रधानमंत्री एवं युसूफ खान के खिलाफ नारेबाजी की और बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिंदुओं पर हो रहे अत्याचारों को तत्काल रोकने की मांग की। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि बांग्लादेश में लगातार हिंदू समाज को निशाना बनाया जा रहा है और वहां की सरकार मूकदर्शक बनी हुई है। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय मंच पर इस मुद्दे को उठाने तथा दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।
बालोद शहर में आक्रोशित कार्यकर्ताओं द्वारा बांग्लादेश का झंडा जलाकर विरोध दर्ज कराया गया। बजरंग दल के पदाधिकारियों ने कहा कि यह प्रदर्शन बांग्लादेश में हिंदू समुदाय के साथ हो रहे अन्याय के प्रति चेतावनी है और जब तक वहां अल्पसंख्यकों की सुरक्षा सुनिश्चित नहीं होती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। इस विरोध प्रदर्शन में जिले के सभी बजरंगी भाई उपस्थित रहे और एकजुट होकर हिंदू समाज की सुरक्षा व सम्मान के लिए आवाज बुलंद की। कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ, हालांकि माहौल में गहरा आक्रोश देखने को मिला।
पूरी मानवता के लिए चिंता का विषय
बजरंग दल बालोद जिला संयोजक प्रदीप मिनपाल ने बांग्लादेश में घटित हालिया घटना को लेकर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। उन्होंने कहा कि बांग्लादेश में हुई घटना मानवता को झकझोर कर रख देने वाली है, जिसे किसी भी सूरत में नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। प्रदीप मिनपाल ने कहा कि इस प्रकार की घटनाएं न केवल एक समुदाय या देश के लिए, बल्कि पूरी मानवता के लिए चिंता का विषय हैं। उन्होंने बताया कि बांग्लादेश में जिस तरह से अत्याचार और अमानवीय कृत्य सामने आए हैं, उससे विश्व समुदाय को गंभीरता से विचार करना चाहिए। उन्होंने कहा कि बजरंग दल हमेशा से मानवाधिकार, सामाजिक न्याय और सनातन मूल्यों के पक्ष में खड़ा रहा है। संगठन का उद्देश्य किसी भी प्रकार के अन्याय और अत्याचार के खिलाफ आवाज उठाना है। इसी क्रम में बजरंग दल द्वारा शांतिपूर्ण तरीके से विरोध दर्ज कराया गया।
पूरे हिंदू समाज को आहत करने वाली घटना
बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचारों को लेकर कड़ी निंदा, अंतरराष्ट्रीय जांच की मांग करते हुए
पूर्व बजरंग दल जिला संयोजक उमेश कुमार सेन विश्व परिषद जिला सह मंत्री ने बांग्लादेश में हिंदू समुदाय पर हो रहे कथित अत्याचारों को लेकर गहरी चिंता व्यक्त की है। उन्होंने कहा कि हाल के दिनों में जिस प्रकार वहां हिंदुओं को निशाना बनाया जा रहा है, वह अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण और मानवाधिकारों का खुला उल्लंघन है। उन्होंने विशेष रूप से एक हिंदू युवक की नृशंस हत्या का उल्लेख करते हुए कहा कि यह घटना न केवल एक परिवार के लिए अपूरणीय क्षति है, बल्कि पूरे हिंदू समाज को आहत करने वाली है। ऐसी घटनाएं यह दर्शाती हैं कि बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिंदू समुदाय स्वयं को असुरक्षित महसूस कर रहा है। उमेश कुमार सेन ने कहा कि किसी भी सभ्य और लोकतांत्रिक समाज में धर्म के आधार पर हिंसा या भेदभाव स्वीकार्य नहीं हो सकता। उन्होंने मांग की कि इस हत्या और हिंदुओं पर हो रहे अन्य अत्याचारों की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच कराई जाए तथा दोषियों को कठोर से कठोर सजा दी जाए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। उन्होंने यह भी कहा कि यह मामला केवल एक देश तक सीमित नहीं है, बल्कि अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकारों से जुड़ा विषय है। इसलिए इसकी जांच अंतरराष्ट्रीय स्तर पर होनी चाहिए और वैश्विक मानवाधिकार संगठनों को इसमें हस्तक्षेप करना चाहिए। साथ ही, बांग्लादेश सरकार पर दबाव बनाया जाए कि वह अपने देश में रहने वाले अल्पसंख्यकों की सुरक्षा सुनिश्चित करे। अंत में उन्होंने भारत सरकार एवं अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अपील की कि वे इस गंभीर विषय को संज्ञान में लें और बांग्लादेश में हिंदुओं की सुरक्षा, सम्मान और अधिकारों की रक्षा के लिए ठोस कदम उठाएं। प्रदर्शन में ऋषभ परचानी, अर्पित दुबे, प्रवीण सोनकर राजा यादव आशीष यादव साईं सोनवानी सैयाम शिवम आदि चन्द्रका सोनू सेन मानव जैन उमेश सेन पिंटू यादव आदि ध्रुवे कमल बजाज दिलेश्वर सोनकर खोमू यादव प्रथम सोनी प्रदीप मीनपाल,आशीष यादव , यशस्वी कुमार , काव्य ओतवानी ,प्रशांत चनाप , प्रियांशु राजपूत , सय्यम यादव , शिवम यादव , आदि चंद्राकर आदि मौजूद रहे।
