डौंडी। नगर पंचायत डौंडी में गौमाता की तस्करी का बड़ा मामला सामने आया है। शनिवार शाम को मंगलू गार्डन के पास अपूर्ण गौठान में करीब 300 गौ पशु रखे गए थे। दो नपा कर्मचारी और तीन किसानों ने इन्हें गौठान में बंद किया था। मेन गेट पर ताला लगाया गया था। रविवार रात सभी पशु अचानक गायब हो गए। अब तक निकाय ने इस घटना की कोई जानकारी सार्वजनिक नहीं की है। सामाजिक कार्यकर्ता गोरेलाल सोनी को जब इसकी जानकारी मिली तो उन्होंने मामले की गहराई से जांच की। जांच में सामने आया कि इन पशुओं को तस्करी के लिए निकाला गया। कोचियों के जरिए इन्हें कटनी जिले तक पहुंचाया गया। वहां इनकी खरीदी-बिक्री कर कटवाया जा रहा है। सोनी ने दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। गोरेलाल सोनी ने बताया कि 2023 में भी ऐसा ही मामला हुआ था। तब सामुदायिक भवन डौंडी में 350 गौ पशु रात में रखे गए थे। सुबह सभी गायब हो गए थे। अब फिर 300 पशु गायब हुए हैं। सोनी ने बताया उनकी जांच में सामने आया कि नगर पंचायत के एक पार्षद ने ही तस्करी करवाई है। सफाई कर्मचारी कैलाश और जीतू ने बताया कि उक्त पार्षद के कहने पर उन्होंने सामुदायिक भवन से पशुओं को निकालकर आमाडुला जंगल के पास कोचियों को सौंपा। इसके बदले तीनों कर्मचारियों को 500-500 रुपए दिए गए। बताया जा रहा है कि कोचिए इन पशुओं को आगे मोटी रकम में बेचते हैं। फिर इन्हें गौमांस बिक्री के लिए कटनी ले जाया जाता है। इससे साफ है कि जनप्रतिनिधि ने चंद पैसों के लिए गौमाता की तस्करी करवाई। नगर में वर्षों से गौठान नहीं बना है। लावारिस पशु मुख्य मार्गों पर बैठे रहते हैं। बारिश में कृषि कार्य शुरू होते ही नगरवासी फसल सुरक्षा के लिए गौठान की मांग करते हैं। हर साल गौमाता गायब हो जाती हैं। अधूरे गौठान निर्माण के बहाने पशु तस्करी का खेल चल रहा है। शनिवार को दो नपा कर्मचारी और तीन किसान सुबह से शाम चार बजे तक पशुओं को चारा चरवाकर गौठान में बंद कर गए थे। सोमवार सुबह पहुंचे तो सभी पशु गायब थे। आसपास खोजबीन की गई, लेकिन एक भी गौमाता नहीं मिली। आश्चर्य की बात है कि निकाय को जानकारी होने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं की गई है। इससे साफ है कि इस मामले में भी बड़ा खेल चल रहा है। अगर बारीकी से जांच की जाए तो कोई चौंकाने वाला तथ्य सामने आएंगे। वहीं विश्व हिंदू परिषद व गोरक्षा समिति से जुड़े लोगों को इस मामले को संज्ञान में लेकर आंदोलन छेड़ना चाहिए व दोषी पर तुरंत कार्रवाई करने का दबाव बनाया जाना चाहिए।
मौर्य मंडल घेरेगी निकाय कार्यालय

इस संवेदनशील मामले की जानकारी डौंडी नगर के सक्रिय संस्था मौर्य मंडल के पदाधिकारियों को हुई तो उन्होंने इसे संज्ञान में लिया है। मौर्य मंडल के मुख्य पदाधिकारी निखिल अग्रवाल ने कहा है कि पूरे मामले में बुधवार ज्ञापन सौंपकर उचित जांच की मांग की जाएगी। तत्काल कार्यवाही नहीं होती है तो मौर्य मंडल के सभी कार्यकर्ता दो दिनों बाद नगर पंचायत का घेराव करने कटिबद्ध रहेगी। इधर मामले में निकाय के सीएमओ ने कहा कि मंगलवार को वे बालोद टीएल बैठक में थे। बुधवार को संबंधित कर्मचारियों को बुलाकर पूछताछ की जाएगी। जिसके बाद कुछ कह पाऊंगा।